शहर में वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम पर अमल न होने की मुख्य वजह नगर निगम के उपयंत्री सहित जिम्मेदार अधिकारियों की गंभीर बेपरवाही है। चार जुलाई को प्रभारी भवन अनुज्ञा अधिकारी द्वारा निगम के छह उपयंत्रियों को एक सप्ताह के अंदर भौतिक सत्यापन रिपोर्ट का प्रतिवेदन देने कहा था, लेकिन अबतक नहीं दिया और ना ही जिम्मेदार अधिकारियों ने इन बेपरवाही उपयंत्रियों पर कोई कार्रवाई की। जानकारी के अनुसार शहर में वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम पर काम कराने के लिए उपयंत्रियों को जिम्मेदार सौंपी गई है। प्रगति न आने पर नोटिस जारी किया गया, लेकिन अबतक कार्रवाई शून्य है।

कटनी. शहर में वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम पर अमल न होने की मुख्य वजह नगर निगम के उपयंत्री सहित जिम्मेदार अधिकारियों की गंभीर बेपरवाही है। चार जुलाई को प्रभारी भवन अनुज्ञा अधिकारी द्वारा निगम के छह उपयंत्रियों को एक सप्ताह के अंदर भौतिक सत्यापन रिपोर्ट का प्रतिवेदन देने कहा था, लेकिन अबतक नहीं दिया और ना ही जिम्मेदार अधिकारियों ने इन बेपरवाही उपयंत्रियों पर कोई कार्रवाई की। जानकारी के अनुसार शहर में वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम पर काम कराने के लिए उपयंत्रियों को जिम्मेदार सौंपी गई है। प्रगति न आने पर नोटिस जारी किया गया, लेकिन अबतक कार्रवाई शून्य है। जारी किए गए नोटिस में कहा गया था कि भवन अनुज्ञा प्रदाय के साथ भवन निर्माण के वक्त अनिवार्य वॉटर हार्वेस्टिंग प्रणाली निर्माण के संबंध में शासन द्वारा जारी दिशा निर्देशों एवं ड्राइंग डिजाइन अनुसार निर्माण, क्षेत्र के परिधि में उक्त प्रणाली को लागू कराने का नियम है। इस संबंध में समय-समय पर आप लोगों द्वारा जानकारी चाही गई है, लेकिन आजतक कोई जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई। सभी उपयंत्रियों को प्रभार वाले क्षेत्र में आने वाले वार्डों में दी गई शासकीय, अर्धशासकीय, निजी भूमि के भवनों में वॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम का क्रियान्वयन हुआ है कि नहीं, भवन स्वामियों द्वारा उक्त प्रणाली नहीं स्थापित की गई तो उस संबंध में आप लोगों द्वारा क्या कार्रवाई की गई उसकी जानकारी दें। वार्डवार अनुज्ञा की सूची संलग्न कर भौतक सत्यापन प्रतिवेदन एक सप्ताह के अंदर प्रस्तुत करें। प्रतिवेदन न प्रस्तुत करने की स्थिति में अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव आयुक्त को भेजा जाएगा। इसके बाद भी अबतक उपयंत्रियों ने भौतिक सत्यापन रिपोर्ट नहीं दी।
इन उपयंत्रियों को जारी हुआ था नोटिस
-सुनील सिंह, उपयंत्री वार्ड- 1,5,6,7,8।
-संजय मिश्रा, उपयंत्री वार्ड- 26,27,28,29,30,31,32,33,34,35,36,37।
-अनिल जायसवाल उपयंत्री, वार्ड- 13,15,16,22,24,25।
-जेपी बघेल, उपयंत्री वार्ड- 9,10,11,12,14,21,34,45।
-पवन श्रीवास्वत, उपयंत्री वार्ड-2,3,4,17,18,19,20,23।
-अश्विनी पांडेय, उपयंत्री वार्ड-38,39,40,41,42,43,44।
इनका कहना है
इस संबंध में निगम के उपयंत्रियों को भौतिक सत्यापन कर रिपोर्ट देने के लिए कहा गया था। एक हफ्ते की समय सीमा थी, लेकिन अबतक एक ने भी रिपोर्ट नहीं दी। उपयंत्री काम करने को तैयार नहीं हैं। उपयंत्रियों पर कार्रवाई के लिए प्रतिवेदन आयुक्त को भेजा जाएगा।
एचके त्रिपाठी, प्रभारी भवन अनुज्ञा अधिकारी।