Cyber Fraud: कोतवाली पुलिस अब इस पूरे मामले में डिजिटल ट्रेल की जांच कर रही है। साइबर सेल की मदद से यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है....
Cyber Fraud: डिजिटल इंडिया के इस दौर में साइबर अपराधियों का जाल लगातार फैलता जा रहा है। ताजा मामला शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहां एक युवक के बैंक खाते से अज्ञात जालसाजों ने करीब 3 लाख रुपये की बड़ी रकम पार कर दी। मामले की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत मोती बाग (माई नदी) निवासी आशीष गौतम (पिता लालमन गौतम, उम्र 37 वर्ष) साइबर ठगी का शिकार हुए हैं। प्रार्थी ने पुलिस को बताया कि 4 मार्च 2026 को दोपहर लगभग 12:39 बजे उनके बैंक खाते से अज्ञात तरीके से 2,96,000 रुपये निकाल लिए गए। जिसके बाद से घर में हड़कंप मच गया।
अचानक खाते से इतनी बड़ी राशि निकलने की जानकारी मिलते ही प्रार्थी के होश उड़ गए। बैंक और अन्य माध्यमों से जानकारी लेने के बाद जब स्थिति स्पष्ट नहीं हुई, तो उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। प्रार्थी द्वारा 16 मार्च को कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 269/26 के तहत केस दर्ज किया है। आरोपी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत कार्रवाई की जा रही है।
कोतवाली पुलिस अब इस पूरे मामले में डिजिटल ट्रेल की जांच कर रही है। साइबर सेल की मदद से यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि रकम किस खाते में ट्रांसफर हुई और ठगी के लिए किस प्रकार की तकनीक जैसे फिशिंग लिंक, ओटीपी फ्रॉड या अन्य ऑनलाइन माध्यम का इस्तेमाल किया गया। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा। साथ ही आम नागरिकों से भी अपील की गई है कि वे किसी भी अज्ञात लिंक, कॉल या मैसेज पर अपनी बैंकिंग जानकारी साझा न करें।
सतर्कता रहे: अंजान कॉल पर भरोसा न करें जो आपको डराकर "डिजिटल अरेस्ट" की धमकी दें।
सुरक्षित पासवर्ड: अकाउंट के लिए अलग और जटिल पासवर्ड इस्तेमाल करें।
अनजान लिंक से बचें: ईमेल, SMS, या व्हाट्सएप पर आए संदिग्ध लिंक्स पर क्लिक न करें।
बैंक जानकारी साझा न करें: बैंक कभी भी फोन पर OTP, PIN या पासवर्ड नहीं मांगता है।
सुरक्षित नेटवर्क: पब्लिक जगहों पर फ्री वाई-फाई का उपयोग न करें।
डिवाइस सुरक्षा: अपने फोन और लैपटॉप में एंटी-वायरस अपडेट रखें।