- शराब और नशे के कारण आज न जाने कितने परिवार बिखर रहे हैं। पति-पत्नी के बीच संबंध खत्म हो जा रहे हैं तो वहीं नशे के कारण हो रहे विवादों से अपने बेगाने हो जा रहे हैं। ऐसा ही एक मामला परिवार परामर्श केंद्र में सामने आया, जहां पर एक पत्नी शराबी पति के कारण उसे छोड़कर आठ साल से मायके में रह रही थी। - पत्नी मायके चली गई, आठ साल बाद पति ने शराब छोड़ी तो बच्चों के भविष्य को देख पत्नी भी झुकी, अब साथ रहने के लिए कसमें खाई हैं। 8 साल पहले टूटा एक परिवार मंगलवार को एक हो गया। - पति ने भी अपनी गलती मानते हुए आदतें सुधारी और शराब छोड़ देने की कसमें खाई।

कटनी. शराब और नशे के कारण आज न जाने कितने परिवार बिखर रहे हैं। पति-पत्नी के बीच संबंध खत्म हो जा रहे हैं तो वहीं नशे के कारण हो रहे विवादों से अपने बेगाने हो जा रहे हैं। ऐसा ही एक मामला परिवार परामर्श केंद्र में सामने आया, जहां पर एक पत्नी शराबी पति के कारण उसे छोड़कर आठ साल से मायके में रह रही थी। पत्नी मायके चली गई, आठ साल बाद पति ने शराब छोड़ी तो बच्चों के भविष्य को देख पत्नी भी झुकी, अब साथ रहने के लिए कसमें खाई हैं। 8 साल पहले टूटा एक परिवार मंगलवार को एक हो गया। पति ने भी अपनी गलती मानते हुए आदतें सुधारी और शराब छोड़ देने की कसमें खाई।
यह है मामला
जानकारी के अनुसार रोशन बर्मन (28) निवासी ग्राम मुंहास तहसील विजयराघवगढ़ थाना बड़वारा का विवाह रामनारायण बर्मन (30) निवासी रीठी के साथ हुई थी। आठ साल पहले शराबी पति की प्रताडऩा से तंग आकर रामनारायण को छोड़कर मायके चली गई थी। शराब के कारण परिवार लगभग टूट गया था। पत्नी ने पति के इन हरकतों की शिकायत पुलिस से की। मामला परिवार परामर्श केंद्र के लिए पहुंचा यहां पर कई दिनों तक समझाइश का दौर चला और अंतत: एक दंपत्ति अब खुशी-खुशी रहने को राजी हो गए हैं।
काउंसलिंग में दी समझाइश
परिवार परामर्श केंद्र कटनी के सदस्यों शाहीन सिद्दीकी, रीता बर्मन एवं माधवी शर्मा द्वारा दोनों की काउंसलिंग की गई। दोनों को पहले अलग-अलग पति-पत्नी के रिश्ते और जीवन में साथ-साथ रहने का महत्व बताया। समझाइश दी। दोनों ने एक दूसरे से दूर रहने के कारण होने वाली परेशानी को भी बताया। इस दौरान दोनों ने बच्चों के भविष्य को संवारने की चिंता को लेकर एक हुए।