
कटनी. शहर में ठगी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। बाहर के लोगों को झांसा देकर कटनी बुलाया जाता है और उनके साथ लाखों रुपए की ठगी की जाती है। पीडि़त जब शिकायत लेकर थाने पहुंचते हैं, तो पुलिस भी उनकी मदद करने के बजाय उन्हें डांट-फटकार कर चलता कर देती है। ऐसा ही एक मामला कुठला थाना क्षेत्र में सामने आया है। जहां पर पन्ना रोड के जंगल में रीवा के दो युवकों को सात लाख रुपए का नकली सोना देकर बदमाश चंपत हो गए हैं। पुलिस ऐसे अपराधियों को पकडऩे में कोई संजीदगी नहीं दिखा रही।
जानकारी के अनुसार दो युवक रीवा गुढ़ थाना क्षेत्र के हैं। 17 मार्च को 9 बजे रीवा से कटनी कुठला थाना आए। थाना प्रभारी राजेंद्र मिश्रा को विजय तिवारी ने बताया कि क्लासमेट संजू गौतम जो कि जबलपुर में है, कुछ दिनों तक उसके साथ काम किया है। कहा कि उसका एक साथी है जबलपुर में है, खेत की खुदाई में सोना मिला है। वह मैं तुमको आधी कीमत पर दिलवा देता हूं। यह चर्चा उनके गुढ़ रीवा में हुई थी। 15 दिन पहले सौदा होने पर कहा गया कि पैसा ज्यादा हो तो ले लो, फिर में डबल कीमत इसकी दिलवा दूंगा। कुछ रकम मुझे भी दे देना।
ऐसे किया गया षडयंत्र
संजू ने सोने की तस्दीक के लिए मैहर भेजा। 10 दिन पहले दोस्त आया। मैहर में सोने का एक टुकड़ा 5 हजार रुपए में दिया। रीवा में चेक कराया तो सोना सही मिला। 5 से 6 लाख रुपए के सोना खरीदने का फिर सौदा हुआ। हिंमाशु चतुर्वेदी और विजय तिवारी ने मिलकर रुपए एकत्रित किए और सोना खरीदने निकल पड़े। गारंटी संजू गौतम ने ली। 15 मार्च को कटनी में कुठला थाना क्षेत्र में संजू गौतम के मार्गदर्शन में इंद्रानगर बायपास के समीप पन्ना रोड में जंगल में मिलकर 7 लाख रुपए रुपए आधा पाव सोना दिया। वापस सोना लेकर रीवा रवाना हो गए। रीवा में फिर चेक कराया तो नकली निकला। युवकों के साथ संजू गौतम व जबलपुर वाले दोस्त ने मिलकर ठगी की है।
वर्जन
ठगी का शिकार होने वाले युवक नजदीकी लौढ़ थाने में जाकर शिकायत लेकर गए तो वहां से रिपोर्ट न लिखकर कटनी भेज दिया गया। कुठला में इसलिए रिपोर्ट नहीं लिखी गई, क्योंकि सौदा गुढ़ में तय किया गया। अपराध जहां से शुरू होता है वहां पर एफआइआर होती है। बिना तस्दीक के कार्रवाई नहीं हो सकती है।
राजेंद्र मिश्रा, थाना प्रभारी कुठला।