एक लाख 43 हजार 582 हितग्राहियों के हैं सूची में नाम, कई विभागों के अधिकारी एक माह से कर रहे पात्रता की जांच 5799 हितग्राहियों का सत्यापन शेष, सर्वाधिक हितग्राही बहोरीबंद व ढीमरखेड़ा ब्लाक के लोग
कटनी. लोगों की कई पीढिय़ां गुजर गईं, लेकिन महंगाई के दौर व परिवार के भरण-पोषण के फेर में लाखों लोग पक्का आशियाना नहीं बना पाए। खपरैल मकान, झोपड़-पट्टी में गुजारा करने विवश हैं, लेकिन 2016-17 से शुरू की गई प्रधानमंत्री आवास योजना ऐसे जरुरतमंद लोगों के लिए वरदान बनकर सामने आई है। जिले में एक लाख 15 हजार से अधिक लोगों को लाभान्वित किया गया है। अब प्रधानमंत्री आवास योजना की कड़ी में एक लाख 43 हजार 582 लोगों के फिर आवेदन सामने आये हैं, जिन्होंने सरकार से पक्की छत बनवाए जाने की दरकार है।
लोगों द्वारा किए गए आवेदन के बाद सरकार द्वारा सत्यापन कराया जा रहा है कि क्या ये लोग योजना के लिए पात्र हैं कि नहीं। कई विभागों के अधिकारी 8 बिंदुओं की जांच कर रहे हैं। जिलेभर की सभी जनपद क्षेत्र में आने वाली 407 ग्राम पंचायतों के हितग्राहियों के आवेदनों का क्रॉस चेक किया जा रहा है। अबतक जिले में एक लाख 37 हजार 783 लोगों का सत्यापन किया जा चुका है। 5799 लोगों का सत्यापन शेष है जो दो दिनों में पूरा किया जाएगा।
ब्लॉक आवेदन सत्यापन शेष
बड़वारा 27173 25145 2028
बहोरीबंद 29653 27290 2363
ढीमरखेड़ा 28698 27705 993
कटनी 17797 17797 00
रीठी 16840 16830 10
प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए पहले 13 बिंदु तय थे, जिन्हें 8 कर दिया गया है। उसकी जांच चल रही है। यह जांच एसइसीसी सूची-2011 के अनुसार कच्चे मकान में रहने वाले परिवार, ऐसे परिवार जिनमें महिला प्रधान हो, दिव्यांग सदस्य वाला परिवार, भूमिहीन परिवार, अत्यंत निर्धन व असहाय परिवार, बेघर व अत्यंत जर्जर मकान में रहने वाला परिवार, पक्का घर, पक्की दीवार, आय, वाहन आदि की जांच की जा रही।
क्रॉस सर्वे कई विभागों के अधिकारी कर रहे हैं। इसमें पंचायत विभाग के एडीओ, पीसीओ, इंजीनियर, कृषि विभाग के एआरइओ, ब्लॉक स्तर के चिकित्सक, एनआरएलएम के ब्लॉक स्तर के अधिकारी आदि चेक कर रहे हैं। टीम यह देख रही है कि जिन सदस्यों के नाम आवेदन सूची में हैं क्या वे पीएम आवास योजना की पात्रता रखते हैं या नहीं।
बता दें कि इस क्रॉस चेक करने के लिए अधिकारी-कर्मचारियों के पास दो दिन का समय शेष बचा है। 31 जनवरी तक यह जांच पूरी करनी है। जांच रिपोर्ट के अनुसार जो आवेदक व सूची में शामिल सदस्यों के नाम अपात्र पाए जाएंगे, उन्हें सूची से हटाया जाएगा और फिर सरकार द्वारा पीएम आवास के लिए सब्सिडी की राशि किश्तों में जारी की जाएगी।
परियोजना अधिकारी मृगेंद्र सिंह के अनुसार जिले में 2016-17 से प्रधानमंत्री आवास योजना चालू हैं। योजना शुरू होने के बाद जिले में बड़ी संख्या में लोगों को पक्के आशियाने मिले हैं। अबतक एक लाख 15 हजार 752 लोगों को लाभान्वित किया गया है। इसमें एक लाख 8 हजार 435 लोगों के पक्के आशियाने बने हैं। इसमें बड़वारा में 22557, बहोरीबंद 20557, ढीमरखेड़ा 22323, कटनी 10848, रीठी 13470 व विजयराघवगढ़ जनपद क्षेत्र में 14 हजार 610 लोगों को पक्की छत नसीब हुई है।
जिले में एक लाख 43 हजार 582 लोगों के आवेदन प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए हुए हैं। इन हितग्राहियों का सत्यापन कई विभागों के अधिकारियों से कराया जा रहा है। जिले में 96 फीसदी सर्वे का काम हो गया है। दो दिनों में टीम को पूरा सर्वे करने के निर्देश दिए गए हैं। फाइनल रिपोर्ट विभाग को भेजी जाएगी।