कवर्धा

कवर्धा शिक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 31 शिक्षकों का वेतन रोका, मची खलबली

Kawardha News: ऑनलाइन अटेंडेंस प्रणाली को गंभीरता से नहीं लेने वाले 31 शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है। कवर्धा शिक्षा विभाग की कार्रवाई से हड़कंप मच गया। माले में डीईओ ने 2 दिन का अल्टीमेटम दिया है..
2 min read
• •
Oct 01, 2026
Kawardha teachers sallary
कवर्धा में 31 शिक्षकों का वेतन रुका ( Photo - AI )

Chhattisgarh News: छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी विद्या समीक्षा केंद्र (वीएसके) ऑनलाइन अटेंडेंस प्रणाली को गंभीरता से न लेने वाले शिक्षकों और अधिकारियों पर शिक्षा विभाग ने बड़ा एक्शन लिया है। जिला शिक्षा अधिकारी ने कड़ा रुख अपनाते हुए 31 शिक्षकों व कर्मचारियों का सितंबर 2026 माह का वेतन रोक दिया है। इन कर्मचारियों ने या तो ऐप में उपस्थिति दर्ज नहीं की या फिर लंबे समय से शाला से बिना सूचना के अनुपस्थित हैं। डीईओ के इस आदेश के बाद पूरे जिले के शिक्षा महकमे में हड़कंप मच गया है। हालांकि संभव है कि हर बार की तरह कोई शिक्षक संगठन इसका भी विरोध करे।

Kawardha News: बड़ी लापरवाही का खुलासा

विभागीय कार्यप्रणाली में बड़ी लापरवाही का खुलासा तब हुआ जब पोर्टल पर मृत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों के नाम भी प्रदर्शित होने लगे। डीईओ ने इसे आहरण संवितरण अधिकारियों की घोर लापरवाही मानते हुए दो दिन के भीतर डेटा शुद्धीकरण का अंतिम अल्टीमेटम दिया है। वहीं दूसरी ओर मृत और सेवानिवृत्त कर्मियों के नाम देख डीईओ भड़क उठे। कार्यालयीन आदेश में स्पष्ट किया गया है कि पूर्व में आदेश जारी होने के बावजूद कई डीडीओ ने प्रोफाइल अपडेट नहीं की, जिसके कारण सूची में मृत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों के नाम आ रहे हैं।

कई शिक्षक लंबे से ऐप में अनुपस्थित

वेतन रोकने की जो सूची जारी की गई है उसमें शिक्षकों द्वारा अजीबोगरीब दलीलें प्रस्तुत की हैं। प्राथमिक शाला मंझोली के नरेंद्र सिंह चंद्रवंशी, प्राथमिक शाला के मुकेश कुमार चंद्राकर और आश्रम शाला पूर्व माध्यमिक दामापुर के बृजकिशोर शर्मा जैसे शिक्षकों ने साफ तौर पर ऐप में उपस्थिति दर्ज करने से ही इनकार कर दिया। पूर्व माध्यमिक शाला पंडरिया के शिवप्रसाद यादव ने जवाब दिया कि उन्हें मोबाइल संचालन करना नहीं आता। वहीं उच्चतर माध्यमिक शाला कुण्डा के सुशील कुमार गायकवाड़ ने मोबाइल खराब होने की बात कही।

किसी का एक दिन तो किसी का दो दिन ही अटेंडेंस

पूर्व माध्यमिक शाला बंदौरा के टीकाराम धुर्वे और शासकीय उच्चतर विद्यालय कोइको की स्मृति गुप्ता महीने में केवल एक दिन ही उपस्थित रहे, जबकि हाईस्कूल सोनबरसा के निलेश कुमार तम्बोली ने दो दिन उपस्थिति दर्ज की। सूची में शामिल कई शिक्षक जैसे बालक आश्रम लूप के पुसाउ राम मेरावी, प्राथमिक शाला बोइर्दा के नवल सिंह मेरावी, कन्या आश्रम झलमला की वर्षा तिलगाम और प्राथमिक शाला चमारी के फते सिंह धुर्वे, बिना किसी वैध सूचना के लंबे समय से अनुपस्थित हैं। कई शिक्षकों की उपस्थिति का कारण स्पष्ट नहीं है और वे वीएसके में लगातार अनुपस्थित हैं।

6 निर्देश जारी किए

डीईओ ने अंतिम रूप से निर्देश जारी किए हैं। इसमें समस्त डीडीओ 2 दिन के भीतर यह सुनिश्चित करें कि किसी भी सेवानिवृत्त, मृत या स्थानांतरित कर्मचारी का नाम वीएसके ऐप और सीजीस्कूल डॉट इन पोर्टल पर न रहे। शुद्धीकरण कर प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना अनिवार्य है। वहीं जो कर्मचारी अवकाश पर हैं, उनका आवेदन अवकाश नियम 2010 के तहत तत्काल ऑनलाइन एम्पलाई ऐप में स्वीकृत या अस्वीकृत किया जाए। बिना स्वीकृति गैर-हाजिर रहना गंभीर लापरवाही मानी जाएगी।

Updated on:
01 Oct 2026 01:29 pm
Published on:
01 Oct 2026 01:29 pm