करीब 30 पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोक दिया।
कवर्धा. यूथ कांग्रेस और मछुआरा समिति सदस्यों द्वारा जोरदार प्रदर्शन करते हुए मछली पालन विभाग कार्यालय का घेराव किया गया। नारेबाजी करते हुए सहायक संचालक और मत्स्य निरीक्षक के निलंबन की मांग की गई। कार्यालय से सामने युवक कांग्रेस और मछुआरा समिति सदस्यों द्वारा नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया गया। कार्यालय में प्रवेश करने की भी पुरजोर कोशिश की, लेकिन करीब 30 पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोक दिया।
इसके बाद वहीं बैठकर जमकर नारेबाजी की। उन्होंने मछली पालन विभाग के सहायक संचालक वायके डिंडोरे और मत्स्य निरीक्षक विरेन्द्र चन्द्राकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। पुलिस अधिकारी काफी देर तक समझाते रहे, लेकिन उन्होंने बात नहीं मानी। फिर दो नायब तहसीलदार पहुंची। कांग्रेसियों ने स्पष्ट कहा कि कितनी बार आवेदन और ज्ञापन सौंपेंगे। लिखित में दिया जाए कि एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई होगी, लेकिन नायब तहसीलदार ने इसे नकार दिया।
अधिकार नहीं बावजूद दिया आदेश
प्रदर्शन करते हुए युवक कांग्रेसियों ने मछली पालन विभाग विभाग कवर्धा के सहायक संचालक वायके डिंडोरे पर आरोप लगाया कि वह दुर्ग ठेकेदारों के माध्यम से जिलें में क्लोज सीजन में भी मछली मारने का कार्य करा रहे हैं। वहीं सहायक सचंालक द्वारा नियम विरूद मछली मारने लिखित आदेश किया जिसका उन्हें अधिकार नहीं होता।
चोरी करते पकड़वाया
जिला युवक कांग्रेस के अध्यक्ष आकाश केशरवानी ने बताया कि पूर्व में मां नर्मदा मछुआरा समिति सिल्हाटी के सदस्य और युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा रविवार को कर्रानाला व सुतियापाट जलशाय से 15 क्विंटल से अधिक मछली चोरी करते हुए पकड़वाकर सहसपुर लोहारा थाना में सुपुर्द किया गया। वहीं कर्रानाला जलाशय में अभी तक पटटा आंबटन का मामला विवादित है और जलाशय शासन के समक्ष होने के बाद अधिकारायों के सह से मछली मारने का कार्य लगातार हो रहा है।