खंडवा

परीक्षा में छात्रों की ड्यूटी लगाई, कॉलेज प्रशासन मुर्दाबाद के लगे नारे

स्थायी प्रोफेसर्स के होते हुए छात्रों की ड्यूटी लगाए जाने का विरोध, प्राचार्य ने लिखित मे शिकायत के लिए कहा तो भड़के छात्र नेता।
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Updated: 9 Jan 2018, 2:48 PM IST
Anger against snpg college management khandwa
Anger against snpg college management khandwa

खंडवा. कॉलेज में स्थायी प्रोफेसर्स के होते हुए परीक्षा में छात्रों की ड्यूटी लगाए जाने के मामले में आक्रोश उभरा। कॉलेज प्रशासन मुर्दाबाद के नारे भी लगे।


पीजी कॉलेज में बीएससी फिफ्थ सेम की परीक्षा सुबह 11 से दोपहर 2 बजे के बीच हुई। इसमें परीक्षा कक्ष में विद्यार्थियों की ड्यूटी लगाई गई थी। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला सह-संयोजक शिवांश ओझा द्वारा परीक्षा कंट्रोल रूम में परीक्षा प्रभारी मनीषा साकल्ले से शिकायत की तथा उनसे कहा कि विद्यार्थी कभी-भी परीक्षक नहीं बन सकता तो फिर आपने एेसा कैसे किया? जबकि स्थायी प्रोफेसर कॉलेज में उपस्थित हैं, उन्हें क्यों नही ड्यूटी पर लगाया। परीक्षा प्रभारी ने कहा कि प्राचार्य की अनुमति से हो रहा है, आप उनसे बात करो। कार्यकर्ताओं ने छात्रसंघ पदाधिकारी उपाध्यक्ष शुभम पटेल, सह-सचिव नीरज शर्मा के साथ प्राचार्य नीलप्रभा कोल्हे से बात कर शिकायत की तो उन्होंने कहा कि आप लिखित में दीजिए। इसके बाद छात्र नेताओं ने कॉलेज प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। स्थायी प्रोफेसर्स के होते हुए छात्रों की ड्यूटी लगाए जाने का विरोध, प्राचार्य ने लिखित मे शिकायत के लिए कहा तो भड़के छात्र नेता। गजेंद्र यादव, अनुराग यादव, सचिन वाघ, अतुल मोरखने, अभिषेक माहेश्वरी, प्रवीण मेहना, चेतन चौहान , शुभम सिंह तंवर सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित थे।

इधर, जिले के अग्रणी कॉलेज की टंकी में लीकेज, सीढि़यों पर पानी, फिसल रहे विद्यार्थी
जिले के अग्रणी शा. नीलकंठेश्वर स्नातकोत्तर महाविद्यालय (एसएन कॉलेज) में व्याप्त अव्यवस्थाओं से छात्र-छात्राओं को परेशानियों से दो-चार होना पड़ रहा है। कॉलेज कैंपस के नए भवन में प्रबंधन ध्यान नहीं दे रहा है। यहां टंकी के लीकेज के कारण सीढि़यों तक पानी रिस रहा है और ये पानी फिसलन की वजह बन रहा है। कई विद्यार्थियों को फिसलन से बचकर निकलना पड़ा जबकि कुछ विद्यार्थी बच नहीं पाए। छात्र-छात्राओं का कहना है कि जिले के सबसे बड़े कॉलेज में इस तरह के हालात ठीक नहीं हैं। बदलाव होना चाहिए। टंकी में टेंकर से पानी डाला जा रहा है। कई महीनों से साफ नहीं होने के कारण टंकी में भी भरपूर गंदगी है। टंकी की भी सफाई नहीं होने के कारण गंदा पानी पीने की मजबूरी बनी हुई है। कॉलेज के वरिष्ठ प्रो. डॉ. मुकेश जैन ने कहा कि जल्द ही सुधार कराएंगे।

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