मेडिकल कॉलेज सह जिला अस्पताल के बी ब्लॉक में स्टोर रूम को तैयार कर मदर वार्ड तो शुरू कर दिया गया है, लेकिन यहां मूलभूत सुविधाओं का अभाव साफ नजर आ रहा है। वार्ड के आसपास निर्माण सामग्री और मलबा पड़ा हुआ है, जबकि बाथरूम और हैंडवॉश जैसी आवश्यक व्यवस्थाएं भी पूरी नहीं हो सकी हैं। ऐसे में प्रसूताओं और उनके परिजनों को असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल प्रबंधन की जल्दबाजी में शुरू की गई व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।

स्टोर रूम की दीवार को तोड़कर दरवाजा बनाया गया है, लेकिन दीवार तोड़ने से निकला मलबा वहीं पड़ा हुआ है। अस्पताल आने-जाने वाली प्रसूताओं और उनके परिजनों को इसी रास्ते से गुजरना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि भीड़भाड़ की स्थिति में यहां फिसलने और गिरने का खतरा बना हुआ है। बावजूद इसके अब तक मलबा हटाने की कार्रवाई नहीं की गई है।
बाथरूम और हैंडवॉश की सुविधा अधूरी
वार्ड शुरू होने के बाद भी बाथरूम और हैंडवॉश रूम की व्यवस्था पूरी तरह विकसित नहीं हो सकी है। इसे वार्ड के बाहर ही खाली जगह में बनाया जाना है लेकिन अब तक यहां निर्माण को लेकर कॉलेज प्रशासन ने अनुमति नहीं दी है। प्रसूताओं को स्वच्छता संबंधी आवश्यक सुविधाओं के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है।
परिजनों को भी हो रही परेशानी
मरीजों के साथ आने वाले परिजनों का कहना है कि वार्ड में व्यवस्थाएं अभी पूरी तरह तैयार नहीं हैं। अस्पताल प्रशासन को पहले सभी आवश्यक सुविधाएं जुटा लेना थी, उसके बाद ही वार्ड का संचालन शुरू करना था। स्टोर रूम में अंदर की तरफ एसएनसीयू के सामने एक गेट बनाकर वार्ड शुरू कर दिया।