
आजादी के पहले से घंटाघर का बर्तन बाजार आज भी लोगों के लिए भरोसे का बाजार बना हुआ है। करीब 85 साल पहले ओटले से शुरू हुआ कारोबार नए जमाने के साथ ढलता गया और आज यहां भव्य शोरूम भी मौजूद है। भले ही बाजार आधुनिक हो गया, लेकिन लोग पुराने बर्तनों की ओर लौटने लगे है। आज बर्तन बाजार में पीतल और तांबा के बर्तनों ने स्टील और एलुम्युनिम को पीछे छोड़ दिया है।
वर्ष 1941-42 में बर्तन बाजार की शुरुआत महज एक दुकान से हुई थी। हरदा जिले से आए बट्टूलाल वर्मा ने यहां ओटले पर बर्तन दुकान लगाना आरंभ किया था। इसके साथ ही अन्य दुकानदार भी यहां दुकान लगाने लगे। समय बदलता गया और आज बर्तन बाजार पुरानी दुकानों के साथ भव्य शोरूम में भी बदल चुका है। घंटाघर बर्तन बाजार में करीब 12 दुकानें है, शहर में कुल 15 बर्तन की दुकानों के साथ क्रॉकरी, कुकवेयर, होम अप्लायंस की भी दुकानें खुल चुकी है। हालांकि घंटाघर बर्तन बाजार पर आज भी लोगों को भरोसा है। धनतेरस के लिए बाजार भी सज चुका है।
कुछ वर्षों पूर्व तक बाजार में एलुमिनियम का कब्जा था, इसके बाद स्टील के बर्तनों ने घरों की रसोई में जगह बनाई। हालांकि आज भी स्टील के बर्तन भाव में सस्ते होने के कारण सबसे ज्यादा बिक रहा है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में पीतल के बर्तनों की घरों में वापसी होने लगी है। वास्तु शास्त्र और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार धनतेरस पर पीतल की सबसे ज्यादा मांग अब तक सामने आई है। पूर्व में धनतेरस पर अधिकतर लोग पीतल के दीपक और भगवान की मूर्तियां खरीदते थे। अब पीतल के लगन, थाली, गिलास, कटोरी तक बाजार में बिक रहे है।
बर्तन व्यापारी राम कुमार वर्मा ने बताया कि दो-तीन साल में पीतल और तांबे के बर्तन धनतेरस पर खरीदने का चलन बढ़ा है। भाव की बात करें तो पिछले साल की तुलना में सभी धातुओं के बर्तनों में करीब 20 प्रतिशत का उछाल आया है। रेग्युलर पीतल बर्तन 1250 रुपए किलो, फैंसी पीतल कलई वाला 1550 रुपए किलो तक पहुंच गया है। स्टील के बेसिक बर्तन आज भी क्वालिटी अनुसार 250 रुपए से लेकर 750 रुपए किलो तक है। तांबे के बर्तन भी 1850 रुपए से आरंभ है।
बर्तन बाजार में पारंपरिक बर्तनों के साथ नए जमाने के आधुनिक कुकवेयर भी बिक रहे है। यहां इंडक्शन से लेकर इलेक्ट्रॉनिक कुकवेयर, सभी प्रकार के होम अप्लायंस भी मौजूद है। माइक्रोवेव, विभिन्न कंपनियों के आधुनिक बर्तन, क्रॉकरी भी बर्तन बाजार में उपलब्ध है। शुक्रवार को धनतेरस पर यहां अच्छी खरीदी की संभावना बर्तन व्यापारियों को है।