
भादो शुक्ल चतुर्दशी अनंत चतुर्दशी पर 12 दिवसीय गणेशोत्सव का समापन धूमधाम से हुआ। शुक्रवार को समारोहपूर्वक गणपति बप्पा को विदाई दी गई। कोई सिर पर उठाकर तो कोई गोद में लेकर तो कोई हाथों में उठाकर विसर्जन स्थल तक पहुंचा। बच्चों ने नम आंखों से तो बड़ों ने क्षमा याचना के साथ बप्पा को विदाई दी।
बड़ी गणेश प्रतिमाएं दोपहर बाद अपने स्थानों से निकली और बांबे बाजार पहुंचते ही यहां चल समारोह शुरू हो गया। भव्य आतिशबाजी, डीजे, ढोल के साथ युवा अखाड़ों के करतब दिखाते रहे। देर रात तक विसर्जन का सिलसिला जारी रहा। अनंत चतुर्दशी पर दोपहर से गणेशजी की विदाई आरंभ हुई। पंडालों, घरों में विराजित गणेशजी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर झीलोद्यान कुंड, रामेश्वर के अस्थाई कुंड, गणगौर घाट, पंधाना रोड आबना नदी के तट पर प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।
सभी बड़ी प्रतिमाएं झीलोद्यान स्थित नए कुंड में लाई गई। इस बार झीलोद्यान में बेहतर व्यवस्थाएं होने से कोई परेशानी नहीं आई। छोटी प्रतिमाओं को एक लोहे की चादर पर रखकर स्लाइड के माध्यम से नीचे कुंड में उतारा गया। बड़ी प्रतिमाओं के लिए तीन क्रेन का सहारा लिया गया।
झीलोद्यान कुंड में व्यवस्थाओं का जायजा लेने के साथ ही मंत्री विजय शाह ने महापौर अमृता अमर यादव के साथ क्रेन के झूले में सवार होकर अपने हाथों से एक गणेश प्रतिमा का विसर्जन किया। इस दौरान निगम अध्यक्ष अनिल विश्वकर्मा, एमआइसी सदस्य राजेश यादव, अनिल वर्मा बाबा सहित भाजपा मंडल अध्यक्ष स्नेहा पाराशर, सोनू यादव, अंकुश पटेल भी मौजूद रहे। यहां व्यवस्था संभालने निगमायुक्त प्रियंका राजावत भी निगम अधिकारियों के साथ मौजूद रहीं।
झीलोद्यान पर गणेश विसर्जन के दौरा राजनीति से परे सनातन धर्म का एक अनोखा उदाहरण देखने को मिला। कांग्रेस द्वारा गांधी भवन में विराजित गणेशजी की प्रतिमा यहां विसर्जन के लिए लाई गई। शहर काग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा रघुवंशी, नेता प्रतिपक्ष मुल्लू राठौर, आलोकसिंह रावत, विकास व्यास, देवेंद्र यादव, आशी सिलावट, प्रेमांशु जैन सहित अन्य कांग्रेसजन यहां पहुंचे। आरती के दौरान महापौर अमृता अमर यादव भी शामिल हुईं और अपने हाथों से आरती उतारी।