गणतंत्र दिवस का अवसर खंडवा के मोघट पुलिस थाना के इतिहास के लिए 2017 में एक नया अध्याय लेकर आया था जब यहां एक स्वीपर ने तिरंगा फहराया। एक टीआई ने मिसाल पेश की थी।
खंडवा. गणतंत्र दिवस की भला इससे अच्छी कहानी और क्या हो सकती है जब स्वीपर से टीआई ने झंडा फहराने के लिए कहा हो और स्वीपर सकपका गया हो। लेकिन बाद में उसने तिरंगा फहराया हो।
ये सच्ची कहानी है मप्र के खंडवा जिले की। यहां के पुलिस थाना मोघट में 26 जनवरी 2017 को टीआई अनिल शर्मा ने 55 वर्षीय स्वीपर दिनेश बावरे से तिरंगा फहरवाया। गणतंत्र दिवस परजब देशभर में पीएम, सीएम, मंत्री और कलेक्टर ध्वजारोहण कर रहे थे, तब ये पहल सचमुच अनोखी थी। पहले तो स्वीपर ध्वजारोहण के लिए तैयार नहीं हुआ और जब पुलिस अधिकारी ने बात कर समझाया तो स्वीपर भावुक हो गया।
खूब सराही गई ये पहल
टीआई की ये पहल खूब सराही गई। देश में अपने-आप में अब तक का ये एक अनूठा उदाहरण है, जब एक स्वीपर ने चीफ गेस्ट बनकर तिरंगा फहराया हो। टीआई की बात सुनकर पहले तो दिनेश ने हाथ जोड़ लिए, लेकिन जब लगा कि अधिकारी गंभीरता से इस काम के लिए कह रहा है तो दिनेश भावुक हो गया। ध्वजारोहण के बाद दिनेश ने कहा कि आज का दिन उसके जीवन में सम्मान का एक और अध्याय जोड़ गया।
स्वच्छता अभियान से आया था ख्याल
मोघट पुलिस थाना के टीआई अनिल शर्मा का कहना है कि ये स्वीपर ही हैं जो हमें रहने के लिए साफ और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराते हैं। वर्तमान में जब पीएम नरेंद्र मोदी के आह्वान पर स्वच्छता के लिए भरपूर प्रयास हो रहे हैं और देशभर के शहरों में रैंकिंग में नंबर-1 आने के लिए स्वस्थ्य प्रतिस्पर्धा चल रही है, ऐसे में हमें लगा कि इनका सम्मान होना चाहिए। इससे बड़ा सम्मान और क्या हो सकता है कि उन्हें राष्ट्रीय ध्वज फहराने का अवसर मिला।
रोज सुबह 6 बजे पहुंच जाते हैं पुलिस थाना
नगर निगम में स्वीपर दिनेश बावरे रोज सुबह 6 बजे मोघट पुलिस थाना पहुंच जाते थे। 40 साल यह सिलसिला लगातार चल रहा था। 26 जनवरी 2017 को ध्वजारोहण से पहले भी दिनेश ने बाकी दिनों की ही तरह पहले परिसर की सफाई की। इतना ही नहीं टीआई ने दिनेश को जब सैल्यूट किया तो वो कुछ देर के लिए सकपका भी गया। इस खुशरंग मौके को देखकर थाने में मौजूद बाकी लोगों के चेहरों पर भी मुस्कान तैर गई।