-पाक से पुशबैक किए गए युवक की जेआइसी में भी नहीं निकला रिजल्ट
खरगौन. हम—आप मोबाइल डाटा डिलीट हो जाने के बारे में ही जानते—सुनते हैं पर मध्यप्रदेश के खरगौन जिले में एक अजीब केस सामने आया है। यहां के एक युवक की मेमोरी डिलीट हो गई है। खरगोन जिले के नलवट गांव के निवासी वीर सिंह के साथ यह वाकया हुआ है। वीरसिंह के दिमाग से तीन महीने की मेमोरी (स्मृति) डिलीट हो गई है। उसे यह भी याद नहीं है कि इस दौरान वह कहां और कैसा रहा।
दरअसल वीरसिंह सरहद पार कर पाकिस्तान चला गया था और कुछ महीने वहां गुजारने के बाद वह भारत लौटा है। अन्तरराष्ट्रीय सीमा पार कर पाकिस्तान जाकर लौटे वीर सिंह के दिमाग से मेमोरी (स्मृति) डिलीट हो जाने से भारतीय सुरक्षा एजेंसियां परेशान हो उठी हैं। भारतीय एजेंसियों की संयुक्त पूछताछ (जेआइसी) में भी कोई परिणाम नहीं निकल सका है। पाक सेना के अलावा भारतीय सीमा सुरक्षा बल और विभिन्न जांच एजेसियों ने उससे बार-बार पूछताछ की लेकिन परिणाम नहीं आया।
मंगलवार को राजस्थान के श्रीगंगानगर के संयुक्त पूछताछ केन्द्र में विभिन्न जांच एजेसियों ने तीन महीने का राज उगलवाने के लिए उससे गहनता से जांच की। लेकिन वह याददाश्त खो चुका है। उसे इतना याद है कि वह मध्य प्रदेश से आया था। कैसे आया, किस रास्ते आया और कहां से भारतीय सीमा को लांघकर पाकिस्तान जा पहुंचा, इन सवालों का जवाब उसे याद नहीं है। हालांकि वीर सिंह अब वह अपने गांव आ सकेगा। इसके लिए केसरीसिंहपुर थाना पुलिस को पुलिस अधीक्षक से अनुमति लेनी होगी।
इधर जेआइसी के अधिकारियों का कहना है कि करीब 35 वर्षीय यह मंदबुद्धि युवक किस्मत का धनी है कि पाक से सकुशल वतन लौट आया। जांच एजेसिंयां इस बात पर ज्यादा फोकस कर रही थीं कि वह बॉर्डर कैसे पार कर गया। यह उत्सुकता मंगलवार को जांच एजेसिंयों के अफसरों के मन में थी लेकिन परिणाम नही निकला। अधिकारियों का कहना था कि उसके बारे में मध्यप्रदेश के खरगोन जिले के नलवट गांव से पूरा फीडबैक भी लिया गया है। वीर सिंह का परिवार तंगहाली के दौर से गुजर रहा है।