कोटा के एक होटल में बारां जिले की रहने वाली 12वीं की छात्रा का शव मिला है। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। साथ ही शव लेने से इनकार कर दिया।
कोटा: नयापुरा इलाके के एक होटल में मिली 12वीं की छात्रा की लाश से इलाके में सनसनी फैल गई है। बारां जिले के केलवाड़ा क्षेत्र की रहने वाली 18 वर्षीय छात्रा 10 अक्टूबर की सुबह घर से स्कूल जाने के लिए निकली थी। लेकिन अगले दिन उसका शव कोटा के एक होटल के कमरे में फंदे से लटका मिला।
घटना के बाद पुलिस शुरुआती जांच में इसे आत्महत्या मानकर चल रही थी। मगर परिवार ने हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। परिवार का कहना है, अगर समय पर पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट पर कार्रवाई की होती तो शायद छात्रा की जान बचाई जा सकती थी। उन्होंने पोस्टमॉर्टम से पहले शव लेने से इनकार कर दिया और कोटा में पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया।
जानकारी के मुताबिक, छात्रा 10 अक्टूबर को सुबह करीब 9 बजे घर से स्कूल के लिए निकली थी। स्कूल उसके गांव से महज तीन किलोमीटर दूर है। लेकिन उसी दिन शाम करीब पौने पांच बजे वह 120 किलोमीटर दूर कोटा पहुंच गई और नयापुरा स्थित आरएम हवेली होटल में रुकी।
होटल रिकॉर्ड के मुताबिक, उसने जनाधार कार्ड दिखाकर 112 नंबर का कमरा लिया था। अगले दिन यानी 11 अक्टूबर को दोपहर 12 बजे तक उसे चेक आउट करना था। लेकिन जब उसने दरवाजा नहीं खोला तो होटल स्टॉफ ने उसे आवाज दी। कोई प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर उन्होंने रोशनदान से देखा, तो वह फंदे से लटकी हुई मिली।
होटल प्रबंधन ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा तोड़कर शव को नीचे उतार पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है। परिजनों ने आरोप लगाया है, होटल के सीसीटीवी कैमरे घटना के समय बंद थे। ऐसे में यह स्पष्ट नहीं है कि कमरे में क्या हुआ।
मृतका छात्रा के चाचा ने बताया, उसने कभी अपने गांव से आगे कदम नहीं रखा था, वह इतनी दूर कोटा तक अकेले कैसे पहुंची? अगर दरवाजा अंदर से बंद था तो पुलिस और होटल यह साबित करे कि हमारी बेटी की मौत कैसे हुई।
छात्रा के पिता की पहले ही मौत हो चुकी है, घर में मां और छोटा भाई हैं। परिवार का कहना है कि जब छात्रा शाम तक घर नहीं लौटी तो उन्होंने केलवाड़ा थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस ने तत्काल कार्रवाई नहीं की।
वहीं, दूसरी ओर पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट होगा। फिलहाल, मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है। परिजनों और ग्रामीणों ने न्याय की मांग करते हुए कोटा में पुलिस थाने के बाहर धरना दिया है।