कोटा

कोटा में डेंगू ने छीन लिया बच्चों के सिर से पिता का साया

डेंगू से मल्टी ऑर्गन फेल्योर से सकतपुरा निवासी एक बुजुर्ग की मौत हो गई। मृतक हजरत केसर खां-डोगर खां उर्स कमेटी के सदस्य थे।

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Oct 18, 2017
Dengue Outbreaks in kota
केसर खां-डोगर खां उर्स कमेटी के थे सदस्य

कोटा . डेंगू से मल्टी ऑर्गन फेल्योर से सकतपुरा निवासी एक बुजुर्ग की मौत हो गई। मृतक हजरत केसर खां-डोगर खां उर्स कमेटी के सदस्य थे। सकतपुरा निवासी अल्लारख शुक्रवार को बुखार आया था। परिजनों ने उन्हें निजी चिकित्सालय में दिखाया, लेकिन फायदा नहीं हुआ तो एमबीएस अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में तलवंडी स्थित एक निजी अस्पताल लेकर गए, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। डॉ. जुनून अली ने बताया कि उन्हें डायरिया हो गया था। सुधार नहीं हो रहा था। कार्ड टेस्ट में डेंगू के लक्षण पाए गए।

डेंगू के चलते अल्लारख की किडनी, लीवर व फेफडे़ में इन्फेक्शन हो गया और उन्होंने काम करना बंद कर दिया। प्लेटलेट्स 14 हजार रह गई थी। दो बार एसडीपी चढ़ाई गई, लेकिन सुधार नहीं हुआ। सामाजिक कार्यकर्ता उमर सीआईडी ने बताया कि अल्लारख हजरत केसर खां-डोगर खां उर्स कमेटी के सदस्य थे। डॉ. जुनून अली ने बताया कि अल्लारख का सोमवार को एलाइजा टेस्ट कराया था, मंगलवार को उनके इंतकाल के बाद डेंगू पॉजीटिव रिपोर्ट आई।


डेंगू के 41 नए केस

सीएमएचओ डॉ. आरके लवानिया ने बताया कि मंगलवार को कोटा संभाग में डेंगू के ४१ नए पॉजीटिव केस आए हैं। इनमें कोटा के २८, बूंदी के ५, बारां ६, झालावाड़ व चितौडग़ढ़ १-१ डेंगू रोगी हैं।


इधर, रक्तमित्र ने बचाई डेंगू पीडि़त की जान
इधर, शहर में विधायक संदीप शर्मा की गठित रक्तमित्र टीम की बदौलत सोमवार को एक डेंगू पीडि़त युवक की जान बच गई। डेंगू पीडि़त कुलजीत सिंह तलवंडी स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती था। अचानक प्लेटलेट्स कम होकर केवल 7000 हजार रह गई। चिकित्सक ने तुरन्त प्लेटलेट्स इंतजाम करने के लिए कहा। मरीज के परिजन रक्तमित्र टीम के सम्पर्क में आए और टीम के सदस्य प्रकाश अग्रवाल ने एमबीएस ब्लड बैंक जाकर एसडीपी डोनेट की। जिससे मरीज को राहत मिली।

Published on:
18 Oct 2017 12:49 am