कोटा

‘इसका अंजाम तुम्हारे लिए बुरा होगा…’, जान से मारने की धमकी देकर PWD ठेकेदार से की 2 लाख रुपए की वसूली, कोटा पुलिस ने लिया ये एक्शन

Kota Crime: कोटा के गुमानपुरा थाना पुलिस ने पीडब्ल्यूडी ठेकेदार से जान से मारने की धमकी देकर 2 लाख रुपए की वसूली करने के मामले में गैंगस्टर शिवराज सिंह समेत चार आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

2 min read
Jan 31, 2026
सांकेतिक तस्वीर: पत्रिका

Death Threat And Extortion Case: कोटा के गुमानपुरा थाना पुलिस ने सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के ठेकेदार को जान से मारने की धमकी देकर उससे 2 लाख रुपए की वसूली करने के मामले में गैंगस्टर शिवराज सिंह समेत 4 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें रिमांड पर सौंप दिया।

थानाधिकारी महेश कारवाल ने बताया कि भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व पदाधिकारी और पीडब्ल्यूडी ठेकेदार कोटड़ी निवासी प्रभात कश्यप ने दर्ज करवाई रिपोर्ट में बताया कि वो पीडब्ल्यूडी में ठेकेदारी करता है। उसने सितंबर 2025 में संजय नगर स्थित महिला आइटीआइ में मरम्मत का टेंडर डाला था, जो उसकी फर्म के नाम खुला। इसके बाद उसने काम शुरू कर दिया। इसी दौरान भीमसिंह नाम का एक व्यक्ति उसके पास आया और बोला कि पीडब्ल्यूडी में सभी ठेकेदार ठेके का हिस्सा पूल को बांटते हैं।

ये भी पढ़ें

Sadhvi Prem Baisa Death Case: साध्वी प्रेम बाईसा की मौत को लेकर एक्टिव हुई बीजेपी सरकार, लिया बड़ा फैसला

इसमें से निर्धारित राशि गैंगस्टर शिवराज सिंह के लिए निकाली जाती है। तुम्हें टेंडर का 10 फीसदी हिस्सा 2.80 लाख रुपए देना होगा। रुपए दिए बिना तुम्हें पीडब्ल्यूडी में काम नहीं करने देंगे। पीडब्ल्यूडी के बाहर हमारे कैमरे लगे हैं, जिससे यहां आने-जाने वालों पर हमारी नजर रहती है। यदि पूल का हिस्सा नहीं दिया तो इसका अंजाम तुम्हारे लिए बहुत बुरा होगा। भीमसिंह की ओर से धमकाने के कुछ दिनों बाद रूपनारायण गुर्जर, तेजपाल सिंह व दो-तीन अन्य व्यक्तियों ने भी उसे टेंडर का 10 फीसदी हिस्सा देने के लिए धमकाते हुए कहा कि 10 फीसदी हिस्सा दो, नहीं तो गैंगस्टर शिवराज सिंह से बात कर लो। भीमसिंह ने पीडब्ल्यूडी ऑफिस में उसे धमकाते हुए रुपए मांगे।

परेशान होकर ठेकेदार ने दिए 2 लाख रुपए

इससे वह काफी परेशान हो गया और उसने 25 नवम्बर को रूपनारायण गुर्जर को 1 लाख नकद और 50 हजार रुपए ऑनलाइन दे दिए, लेकिन वे शेष 1.30 लाख रुपए देने की मांग करते हुए उसे अलग-अलग नंबरों से एक ऐप के जरिए फोन कर लगातार धमकाता रहा। ऐसे में उसने 31 दिसम्बर को 50 हजार रुपए रूपनारायण गुर्जर के खाते में डाल दिए, लेकिन इसके बावजूद वे शेष 80 हजार रुपए की मांग करते हुए उसे काम नहीं करने दे रहे। आरोपियों ने उसे दोबारा पीडब्ल्यूडी में टेंडर डालने पर जान से मारने की धमकी दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए गुमानपुरा पुलिस ने 27 जनवरी को आरोपियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर तकनीकी अनुसंधान शुरू किया।

विशेष टीमों ने दबोचा

एडिशनल एसपी और डीएसपी की अगुवाई में पुलिस की विशेष टीमों का गठन कर आरोपियों की तलाश शुरू की गई। टीमों ने तकनीकी अनुसंधान और मुखबिरों की सूचना के आधार पर तीन आरोपियों डीग जिले के गांव रारहा निवासी हाल मुकाम दादाबाड़ी विस्तार योजना भीमसिंह कुंतल (58), नयापुरा के खंड गांवड़ी निवासी रूपनारायण गुर्जर (53), नयापुरा थाना क्षेत्र के खंडगांवड़ी निवासी तेजपाल सिंह (46) को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को न्यायालय में पेश कर पुलिस ने रिमांड मांगा। इस पर न्यायालय ने आरोपियों को दो दिन के रिमांड पर पुलिस को सौंप दिया। आरोपियों को शनिवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा। रिमांड के दौरान ठेकेदारों से वसूली के मामले में तफ्तीश करेगी। भीमसिंह के खिलाफ 14 और तेजराज के खिलाफ 7 प्रकरण विभिन्न थानों में दर्ज हैं।

ये भी पढ़ें

‘महोदय, 4-4 बच्चों की मां प्रेमियों संग भाग रहीं’, भरे सदन में विधायक ने सरकार से कर दी बड़ी अपील

Published on:
31 Jan 2026 02:23 pm
Also Read
View All

अगली खबर