Kota Bundii Greenfield Airport Foundation Stone: कोटा संभाग के लिए शनिवार का दिन विकास के लिहाज से ऐतिहासिक रहने वाला है। शंभूपुरा में कोटा-बूंदी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट सहित 7000 करोड़ रुपए से अधिक की महत्वपूर्ण परियोजनाओं का भूमि पूजन और शिलान्यास किया जाएगा।
CM Bhajanlal In Kota: कोटा संभाग को शनिवार को सात हजार करोड़ से अधिक की परियोजनाओं की सौगात मिलने वाली है। कोटा-बूंदी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट के लिए भूमि पूजन एवं शिलान्यास शनिवार दोपहर करीब 1 बजे लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा एवं केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री के. राममोहन नायडू की गरिमामयी उपस्थिति में शंभूपुरा स्थित ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट स्थल पर होगा। साथ ही, कार्यक्रम स्थल पर महत्वाकांक्षी नौनेरा तथा परवन-अकावद वृहद पेयजल परियोजना के लिए भूमि पूजन भी किया जाएगा।
ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने भाजपा शहर जिलाध्यक्ष राकेश जैन के साथ शुक्रवार को कार्यक्रम स्थल न्यू ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट का दौरा कर तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने कार्यक्रम के लिए बनाए गए तीन विशाल डोम में आमजन के बैठने की व्यवस्था, शिलान्यास एवं भूमि पूजन कार्यक्रम की तैयारियों, कार्यक्रम स्थल पर पार्किंग एवं वीआइपी सुरक्षा व्यवस्था सहित अन्य तैयारियों के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली।
वीवीआइपी सुरक्षा व्यवस्था, आमजन के लिए पीने के पानी एवं अन्य व्यवस्थाओं के सम्बन्ध में अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। इस दौरान संभागीय आयुक्त अनिल कुमार अग्रवाल, आइजी कोटा रेंज राजेन्द्र प्रसाद गोयल, कोटा कलक्टर पीयूष समारिया, बूंदी कलक्टर अक्षय गोदारा, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, पीडब्ल्यूडी, केडीए, नगर निगम एवं अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे। शिलान्यास समारोह में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर, पीएचईडी मंत्री कन्हैया लाल चौधरी, नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री एवं कोटा जिले के प्रभारी मंत्री गौतम कुमार दक, ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर, कोटा दक्षिण विधायक संदीप शर्मा, लाडपुरा विधायक कल्पना देवी भी मौजूद रहेंगे।
कोटा-बूंदी ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट का निर्माण 1507 करोड़ की लागत से होगा। इस ग्रीन फील्ड एयरपोर्ट क्षमता 1000 यात्री की होगी। इसमें 20,000 वर्गमीटर क्षेत्रफल का टर्मिनल बनेगा, 3200 मीटर लंबा और 45 मीटर चौड़ा रनवे तैयार होगा। साथ ही, ए-321 श्रेणी के विमानों की पार्किंग के लिए 7 एप्रन बे भी बनाए जाएंगे। 2027 में यहां से हवाई सेवा शुरू करने का लक्ष्य रखा है।
जल जीवन मिशन के अन्तर्गत 1661.14 करोड की नौनेरा वृहद पेयजल परियोजना से कोटा एवं बूंदी जिलों के 749 गांवों एवं 6 कस्बों (कोटा जिले के 384 ग्राम एवं 03 कस्बे और बूंदी जिले के 365 ग्राम एवं 03 कस्बे) के 1 लाख 13 हजार 287 परिवारों को हर घर जल उपलब्ध करवाया जाएगा। वर्तमान में नौनेरा वृहद पेयजल परियोजना को 4 कार्यकारी पैकेजों में विभक्त किया गया है।
जल जीवन मिशन के अन्तर्गत बारां, कोटा एवं झालावाड जिलों के 1402 गांवों एवं 276 ढाणियों के 1 लाख 52 हजार 437 परिवारों को हर घर जल उपलब्ध करवाने के लिए परवन अकावद वृहद पेयजल परियोजना में 3523.16 करोड रुपए की स्वीकृति जारी की गई। परवन अकावद वृहद पेयजल परियोजना को 05 कार्यकारी पैकेजों में विभक्त किया गया है। पैकेज प्रथम का 236.01 करोड़ रुपए का कार्यादेश 10 सितम्बर 2025 को जारी किया गया।
करीब दो दशक पहले हम सब ने एक सपना देखा था, कोटा-बूंदी में अन्तरराष्ट्रीय स्तर के एयरपोर्ट के निर्माण का सपना। वह एयरपोर्ट जो कोटा और बूंदी के साथ सम्पूर्ण राजस्थान के लिए प्रगति के नए द्वार खोले, वह एयरपोर्ट जो यहां नए व्यापार और उद्योगों की स्थापना की संभावनाओं को जन्म दे, वह एयरपोर्ट जो हमारे लिए खुशहाली और समृद्धि का माध्यम बने, वह एयरपोर्ट जो कोटा को देश ही नहीं विदेशों के साथ सीधी कनेक्टिविटी उपलब्ध करवाए।
यह सपना महज एक सपना नहीं था, यह हम सब के लिए उम्मीद और आशा की किरण भी था। हम सब चाहते थे कि यह सपना साकार हो, लेकिन जैसा कि होता है, किसी भी बड़े लक्ष्य की प्राप्ति बाधाओं से पार पाए बिना नहीं होती। कोटा एयरपोर्ट के निर्माण के इस महासंकल्प की सिद्धी में भी अनेक बाधाएं आईं। समय-समय पर ऐसे अनेक कारक उत्पन्न हुए जो हमारे इंतजार को बढ़ाते रहे, लेकिन हमने हार नहीं मानी और धैर्य से सभी बाधाओं का समाधान किया, जिसका प्रतिफल है कि आज शंभूपुरा में कोटा-बूंदी एयरपोर्ट का शिलान्यास करने जा रहे हैं।