पढ़ाई पूरी हुई नहीं, बना दिया वेब रोबोट

नया करने के लिए कुछ अलग होने की जरूरत नहीं, बस मन लगना चाहिए। स्कूल की पढ़ाई में एवरेज मार्क्स

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Mar 12, 2015
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कोटा। नया करने के लिए कुछ अलग
होने की जरूरत नहीं, बस मन लगना चाहिए। स्कूल की पढ़ाई में एवरेज मार्क्स आए,
इंजीनियरिंग में भी प्राइवेट कॉलेज लेकिन प्रोग्रामिंग करने में इतना मजा आता है कि
वेब रोबोट बना दिया।


फेसबुक पर विद्यार्थियों के गु्रप बनाए और सवालों के
जवाब देना शुरू कर दिया। यह सब बिना फेसबुक खोले और ऑटोमेटिक हो रहा है। यह वेब
रोबोट तैयार किया है शहर के महर्षि अरविन्द इंजीनियरिंग कॉलेज के छठे सेमेस्टर के
कम्प्यूटर साइंस के छात्र राजेन्द्र अरोड़ा ने।

विदेशी ज्यादा ले रहे
मदद

राजेन्द्र द्वारा तैयार किए गए वेब रोबोट का लाभ विदेशी युवा ज्यादा ले रहे
हैं। फेसबुक पर कई विदेशी युवा राजेन्द्र से जुड़े हैं और वे लगातार किसी न किसी
बात को लेकर सवाल पूछते रहते हैं। वेब रोबोट के जरिए उन्हें उनके उत्तर मिल जाते
हैं। यही नहीं कॉलेज के दोस्त भी इस प्रोग्राम के जरिए समस्या का समाधान करते हैं।


मिल गया जॉब का ऑफर
प्रोग्रामिंग में रूचि थी। बीटेक फर्स्ट ईयर में
ऑनलाइन प्रोग्रामिंग की और फेसबुक पर अपलोड किया तो जॉब का ऑफर भी मिल गया। नार्वे
की एक कंपनी द्वारा जॉब के लिए कहा गया, मैंने बीटेक फर्स्ट ईयर में पढ़ाई की बात
कहकर मना कर दिया।

बचपन से रूचि
राजेन्द्र की मां रीना अरोड़ा ने बताया
कि कम्प्यूटर में इसे बचपन से ही बहुत रूचि है। पांचवी कक्षा में कम्प्यूटर के
कलपुर्जे लाकर जोड़ दिए और असेम्बल कर लिया। प्रोग्रामिंग के लिए लैंग्वेज दसवीं
में ही सीखने लग गया था। घर में कई कम्प्यूटर असेम्बल कर रखे हुए हैं।


एसएमएस से ई-मार्केटिंग
राजेन्द्र का कहना है कि अब ऎसा प्रोग्राम तैयार
कर रहा हूं जिसमें शहर या गांव के लोग भी ई-शॉपिंग कर सकें। इसके तहत नामी कंपनियों
के कुछ उत्पादों की कोडिंग करूंगा,यह कोड निर्घारित नम्बर पर एसएमएस किया जाता है
तो कंपनी द्वारा संबंधित स्थान पर डिलीवरी दी जा सकती है या नहीं, प्रोडक्ट है या
नहीं यह सब बता दिया जाएगा। एसएमएस के जरिए सूचना आने के बाद ऑर्डर भी किया जा
सकेगा।
Published on:
12 Mar 2015 11:47 pm