Kota Murder Case: घर के आंगन में अब सन्नाटा पसरा हुआ है और हर कोना उस बेटे को पुकार रहा है, जिसकी शादी की तैयारियों से कुछ दिन पहले तक घर चहक रहा था।
Dharmendra Sen Murder Case: कोटा। इटावा थाना क्षेत्र में हुए धर्मेन्द्र सेन हत्याकांड ने एक परिवार की खुशियां हमेशा के लिए छीन लीं। घर के आंगन में अब सन्नाटा पसरा हुआ है और हर कोना उस बेटे को पुकार रहा है, जिसकी शादी की तैयारियों से कुछ दिन पहले तक घर चहक रहा था। पिता प्रभुलाल सेन की आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे। वे भर्राए गले से बार-बार यही कह रहे है अगर रिश्ता पसंद नहीं था तो मना कर देते मेरे इकलौते बेटे की जान क्यों ली।
प्रभुलाल बताते हैं कि उनके तीन बच्चों में धर्मेन्द्र ही उनका इकलौता सहारा था। दो बेटियों की शादी हो चुकी है और अब बुढ़ापे की सारी उम्मीदें उसी से थीं। करीब तीन साल पहले उसकी सगाई हुई थी और अब शादी की तारीख नजदीक आते ही घर में खुशियों का माहौल था। लड़की का परिवार भी हर कार्यक्रम में आता-जाता रहा, इसलिए कभी यह अहसास नहीं हुआ कि उन्हें इस रिश्ते से कोई आपत्ति है।
घटना वाले दिन भी धर्मेन्द्र को शादी के कपड़े लेने के बहाने बुलाया गया था। वह पिता से पूछकर गया था। प्रभुलाल की आवाज कांप जाती है, 'मुझे क्या पता था कि यह आखिरी बार उसे देख रहा हूं वह वापस ही नहीं आएगा।' जिस आंगन में शहनाई की तैयारी थी, वहां अब मातम पसरा है।
इटावा क्षेत्र में 22 अप्रेल को हुए हत्याकांड का पुलिस ने तीन दिन में खुलासा किया। जांच में सामने आया कि मंगेतर और उसके परिजन रिश्ते से खुश नहीं थे। उन्होंने सुनियोजित तरीके से धर्मेन्द्र को रास्ते से हटाने की साजिश रची। शादी की खरीदारी और अंगूठी का नाप दिलाने के बहाने धर्मेन्द्र को गुणदी रोड के सुनसान इलाके में बुलाया गया, जहां पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने लकड़ी और पाइप से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की मदद से साजिश का खुलासा हुआ। जांच में यह भी सामने आया कि वारदात के लिए एक आरोपी को 10 हजार रुपए देकर तैयार किया गया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मुकुट गोचर, धर्मेन्द्र उर्फ धर्मराज मीणा, जोधराज सेन और मंगेतर दीक्षा सेन को गिरफ्तार किया है, जबकि दो अन्य आरोपी अभी फरार हैं। उनकी तलाश जारी है। डीएसपी ओमप्रकाश ने बताया कि फरार दोनों आरोपी भी इन्हीं के रिश्तेदार हैं और उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार प्रयास कर रही है। जल्द ही उन्हें भी पकड़ लिया जाएगा।