ट्रंप ने साफ कर दिया था कि भारत के साथ एक बड़ा व्यापार समझौता कर सकते हैं लेकिन यह समझौता कब होगा इसका पता नही।
नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ( Donald Trump ) का भारतीय दौरा शुरु हो चुका है। ट्रंप का भारत दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब दुनिया आर्थिक सुस्ती की चपेट में है और भारत भी इसे अछूता नही है। ऐसे समय में रिलायंस इडस्ट्री ( Reliance Industries ) के चेयरमैन मुकेश अंबानी ( Mukesh Ambani ) ने फ्यूचर सीईओ समिट के दौरान ट्रंप को लेकर बयान दिया है। मुकेश अंबानी ने कहा है कि ट्रंप 2020 में जो भारत देखेंगे, वह कार्टर, बिल क्लिंटन और यहां तक कि बराक ओबामा ने जो भारत देखा है, उससे अलग होगा।
उद्योग जगत में खामोशी
ट्रंप के दौरे को लेकर एशिया के सबसे अमीर शख्स मुकेश अंबानी ने तो बयान दिया है लेकिन कॉरपोरेट जगत की बात करें तो वहां खामोशी पसरा है। देश के बड़े उद्योग घराने जैसे टाटा, बिड़ला, महिंद्रा या फिर किसी और की ओर से ट्रंप के दौरे को लेकर कोई बयान सुनने को नही मिला है।
इसिलए खामोश है उद्योग जगत
आपको बता दें कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की भारत की ये पहली यात्रा है। लेकिन इस यात्रा से पहले ही ट्रंप ने साफ कर दिया था कि भारत के साथ एक बड़ा व्यापार समझौता कर सकते हैं लेकिन यह समझौता कब होगा इसका पता नही। ट्रंप ने कहा कि मुझे नहीं पता कि यह नवंबर में होने जा रहे राष्ट्रपति चुनाव से पहले होगा या नहीं।
अमेरिका भारत व्यापार संबंध पर खुश नही है ट्रंप
डोनाल्ड ट्रंप ने भारत और अमेरिका के व्यापार संबंधों को लेकर अप्रसन्नता जाहिर करते हुए कहा, कि व्यापार के मोर्चे पर भारत हमारे साथ अच्छा बर्ताव नहीं कर रहा है। हालांकि प्रधानमंत्री मोदी पर ट्रंप ने कहा कि मैं उनको बहुत पसंद करता हूं।
शेयर बाजार में भी निराशा
कॉर्पोरेट जगत की खामोशी के साथ-साथ भारतीय शेयर बाजार में भी ट्रंप के दौरे को लेकर कोई उत्साह नही दिख रह है। इसिलए ट्रंप के भाषण के बावजूद भी सेंसेक्स में 700 अंकों से ज्यादा की गिरावट है। इसका बड़ा कारण यह है कि बाजार को पता है कि ट्रंप इस दौरे में कोई कारोबारी घोषणा नही करने वाले है। इसिलए एक और जहां कॉरपोरेट जगत खामोश है वही बाजार में गिरावट दर्ज की जा रही है।