
Airtel Discontinues 299 Prepaid Plan: एयरटेल ने अपने प्रीपेड प्लान्स में बड़ा बदलाव किया है। कंपनी ने 299 रुपये वाला पॉपुलर रिचार्ज प्लान बंद कर दिया है। इस प्लान में रोज 1.5GB डेटा मिलता था और इसकी वैलिडिटी 28 दिन थी। अब ऐसे ग्राहकों को इसी अवधि के लिए 349 रुपये वाला प्लान लेना होगा। यानी उनकी जेब पर हर महीने 50 रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा।
एयरटेल ने 11 अगस्त को 299 रुपये के साथ तीन और प्रीपेड प्लान हटा दिए। इनमें 579 रुपये, 619 रुपये और 649 रुपये वाले प्लान शामिल हैं।
299 रुपये वाले प्लान में 28 दिनों तक रोज 1.5GB डेटा मिलता था। इसके हटने के बाद ग्राहकों के लिए 349 रुपये वाला प्लान अगला विकल्प है। इस प्लान में रोज 2GB डेटा मिलता है और वैलिडिटी 28 दिन की ही रहती है। यानी ग्राहक को 50 रुपये ज्यादा देने होंगे, लेकिन बदले में रोज 500MB अतिरिक्त डेटा मिलेगा।
एयरटेल का 199 रुपये वाला प्लान अभी भी उपलब्ध है। यह कंपनी का सबसे सस्ता अनलिमिटेड वॉयस कॉलिंग वाला प्रीपेड प्लान है। इसलिए 349 रुपये को एयरटेल का सबसे सस्ता रिचार्ज कहना सही नहीं होगा। यह उन ग्राहकों के लिए अहम बदलाव है जो डेली डेटा वाले प्लान का इस्तेमाल करते हैं।
एयरटेल का यह कदम ग्राहकों को ज्यादा कीमत वाले प्लान की तरफ ले जाने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। टेलीकॉम कंपनियां पिछले कुछ समय से सीधे टैरिफ बढ़ाने के बजाय ग्राहकों को महंगे प्लान पर अपग्रेड कराने की कोशिश कर रही हैं। एयरटेल का लक्ष्य एवरेज रेवेन्यू पर यूजर' (ARPU) यानी हर ग्राहक से होने वाली औसत कमाई बढ़ाना है। कंपनी ने जुलाई 2024 के बाद बड़े स्तर पर टैरिफ नहीं बढ़ाया है। ऐसे में प्लान्स की कीमतों और विकल्पों में बदलाव के जरिए कमाई बढ़ाने की कोशिश की जा रही है।
एयरटेल के इस कदम के बाद सीधे तौर पर यह नहीं कहा जा सकता कि कंपनी ने टैरिफ बढ़ा दिए हैं। हालांकि, बाजार के जानकारों को इस साल के अंत में 12 से 15 फीसदी तक बड़े स्तर पर टैरिफ बढ़ोतरी की उम्मीद है। आईआईएफएल सिक्योरिटीज के विश्लेषकों ने कहा है कि मौजूदा बदलाव दिसंबर 2026 में संभावित अगली टैरिफ बढ़ोतरी की दिशा में एक कदम हो सकता है।
जेएम फाइनेंशियल का मानना है कि दूसरी टेलीकॉम कंपनियां भी जल्द अपने प्लान्स की कीमतों और स्ट्रक्चर में इसी तरह के बदलाव कर सकती हैं।
एयरटेल ने जून तिमाही में अच्छा प्रदर्शन किया है। कंपनी का प्रति उपयोगकर्ता औसत राजस्व बढ़कर 264 रुपये हो गया, जो मार्च तिमाही में 257 रुपये था। कंपनी ने जून तिमाही में 10 लाख से ज्यादा पोस्टपेड ग्राहक जोड़े। यह एक तिमाही में कंपनी की अब तक की सबसे बड़ी बढ़ोतरी थी। एयरटेल का 4G और 5G ग्राहक आधार भी करीब 50 लाख बढ़कर 30.18 करोड़ हो गया। यह एयरटेल के कुल मोबाइल ग्राहकों का करीब 80.5 फीसदी है।
भारत में एयरटेल का कुल यूजर बेस 30 जून तक करीब 49.2 करोड़ था। हालांकि, यह रिलायंस जियो के 53.33 करोड़ ग्राहकों से कम है।
एयरटेल का पहली तिमाही का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 37.3 फीसदी बढ़कर 8,167 करोड़ रुपये हो गया। एक साल पहले इसी तिमाही में कंपनी का मुनाफा 5,948 करोड़ रुपये था। कंपनी की कमाई में यह बढ़ोतरी नए ग्राहकों और महंगे प्लान लेने वाले यूजर्स की वजह से हुई है। ऐसे में 299 रुपये वाले प्लान को हटाना भी एयरटेल की उसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिसमें कंपनी कम कीमत वाले प्लान से ग्राहकों को ज्यादा कीमत वाले विकल्पों की तरफ ले जाना चाहती है।