
कोरोना महामारी की वजह से लॉकडाउन के कारण सभी वर्गों और लगभग सभी व्यवसायों पर बुरा प्रभाव पड़ा। लॉकडाउन के बुरे प्रभाव से भारत की टेलिकॉम कंपनियां भी अछूती नहीं रहीं। रिपोर्ट के अनुसार लॉकडाउन में भारत में 1.7 करोड़ मोबाइल सब्सक्राइबर्स यानी सिम यूजर्स की संख्या घट गई है। यह दावा टेलिकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) ने किया है। बता दें कि लॉकडाउन के दौरान महानगरों से लाखों लोगों ने पलायन किया। इसका असर टेलिकॉम कंपनियों पर पड़ा। गौरतलब है कि लॉकडाउन के दौरान लोग अपने होम टाउन चले गए थे।
दूसरी तिमाही में घटी यूजर्स की संख्या
मोबाइल सब्सक्राइबर्स की संख्या इस वर्ष दूसरी तिमाही में यानि मार्च से जून के बीच घटी। इसकी क्षतिपूर्ति जुलाई और अगस्त में भी नहीं हो पाई। हालांकि इन दो महीनों में ग्रामीण इलाकों में मोबाइल सब्सक्राइबर्स की संख्या में वद्धि दर्ज की गई। ऐसा पलायन की वजह से हुआ। पलायन की वजह से महानगरों में सब्सक्राइबर्स की संख्या घट गई और ग्रामीण इलाकों में संख्या बढ़ गई।
ये रही संख्या घटने की वजह
लॉकडाउन के दौरान लाखों लोग अपने गांव या होम टाउन चले गए। इनमें ऐसे मजदूरों की संख्या ज्यादा थी, जो रोजी रोटी कमाने के लिए शहरों या महनगरों में आए थे। लॉकडाउन में जब वे अपने होम टाउन गए थे तो या तो उन्होंने नए सिम ले लिए या फिर पुराने सिम को रिचार्ज नहीं कराया। इसका सबसे ज्यादा असर कम इनकम वाले परिवारों पर पड़ा। इसी वजह से लाखों मोबाइल सब्सक्राइबर्स घट गए।
ग्रामीण इलाकों में बढ़े यूजर्स
Trai की रिपोर्ट के अनुसार, मार्च 2020 की तिमाही में भारत में कुल मोबाइल सब्सक्राइबर्स की संख्या 115.7 करोड़ थी। इनमें से शहरी यूजस 63.8 करोड़ और ग्रामीण यूजर्स 51.9 करोड़ थे। वहीं दूसरी तिमाही यानि अप्रेल-जून 2020 में 1.7 करोड़ मोबाइल सब्सक्राइबर्स कम हो गए। सबसे ज्यादा शहरी इलाकों में मोबाइल सब्सक्राइबस की संख्या कम हुई। वहीं ग्रामीण इलाकों में इनकी संख्या में इजाफा देखने को मिला। ग्रामीण इलाकों में 20 लाख से ज्यादा मोबाइल सब्सक्राइबर्स बढ़ गए।
सबसे ज्यादा सब्सक्राइबर्स जोड़े Jio ने
कोरोना काल में सबसे ज्यादा सब्सक्राइबर्स टेलिकॉम कंपनी जियो ने जोड़े। मार्च 2020 में भारत में जियो के कुल यूजर्स 38.7 करोड़ थे। वहीं जून 2020 में जियो यूजर्स की संख्या बढ़कर 39.7 करोड़ हो गई। यानि जियो ने इस दौरान करीब 1.7 करोड़ यूजर्स जोड़े। वहीं एयरटेल के 1.1 करोड़, वोडाफोन के 1.4 करोड़ और बीएसएनएल के 10 लाख सब्सक्राइबर्स कम हो गए।