Dipika Kakar Cyst Recurrence : एक्ट्रेस दीपिका कक्कड़ कैंसर सर्जरी के बाद कैसी हैं। इसको लेकर उनके पति शोएब इब्राहिम ने ब्लड रिपोर्ट को लेकर खुशी जाहिर की है। साथ ही दीपिका के नए डाइट को लेकर जानकारी दी है। आइए, कैंसर की बाद वाली डाइट के बारे में आयुर्वेदिक डॉ. अर्जुन राज से समझते हैं।
Dipika Kakar Cyst Recurrence : एक्ट्रेस दीपिका कक्कड़ कैंसर सर्जरी के बाद कैसी हैं। इसको लेकर उनके पति शोएब इब्राहिम ने हाल ही में वीडियो शेयर कर जानकारी दी है। बताया, "मेरे पास कुछ अच्छी खबर है। दीपिका की ब्लड टेस्ट रिपोर्ट्स सामान्य हैं। यह लगभग वैसी ही है जैसी 2 महीने पहले थी। उम्मीद है कि यह ऐसी ही बनी रहे। उन्होंने अपनी जीवनशैली में काफी सुधार किया है।"
दीपिका की कैंसर सर्जरी के बाद कुछ दिक्कत होने लगी थी। इसके बाद जांच कराने पर लिवर में सिस्ट को लेकर जानकारी सामने आई थी। इसके बाद ये आशंका थी कि कहीं फिर से लिवर कैंसर ना हो जाए! अब इस डर को दीपिका की ब्लड रिपोर्ट ने दूर कर दिया है।
हालांकि, दीपिका के खानपान को लेकर कुछ पाबंदी अभी भी रहेंगी। शोएब ने बताया कि हालांकि डॉक्टर ने कोई सख्त पाबंदी नहीं लगाई है, फिर भी वे इसे न के बराबर रख रहे हैं।
उनके पति ने कहा कि दीपिका ने बाहर का खाना लगभग बंद कर दिया है। यदि वह बाहर जाती भी हैं, तो अपना खाना साथ ले जाती हैं। बहुत जरुरत पड़ने पर ही उन्हें बाहर से दाल-चावल खाने की अनुमति है।
इन तीनों बातों को समझने के लिए डॉ. अर्जुन राज ने पत्रिका के रवि कुमार गुप्ता से बातचीत की और कैंसर से बचने के लिए हेल्दी लाइफस्टाइल को लेकर ये बातें बताईं-
डॉ. राज ने बताया कि कैंसर की सर्जरी के बाद भी कैंसर होने के चांसेज रहते हैं। इसलिए, खानपान का ध्यान रखना जरूरी है। क्योंकि, लापरवाही के कारण ये दिक्कत फिर से हो सकती है। हमेशा ताजा खाना खाएं। फ्रिज में रखा भोजन करने से भी परहेज करना चाहिए। क्योंकि, इनमें लिवर को डैमेज करने वाले बैक्टीरिया (जैसे लिस्टेरिया या साल्मोनेला) पनप सकते हैं। इससे लिवर या किडनी की समस्या हो सकती है। इसलिए, आयुर्वेद में भी बासी भोजन को जहर जैसा बताया गया है।
बाहर के खाने (फास्टफूड्स) में सोडियम, प्रिजर्वेटिव्स और अनहेल्दी फैट्स की मात्रा अधिक होती है। इसलिए, दीपिका का बाहर का खाना 'निल' (Nil) करना यह दिखाता है कि गंभीर स्वास्थ्य स्थितियों में डाइट कंट्रोल ही सबसे बड़ी दवा है।
आयुर्वेद में परहेज को भी दवा जैसा बताया गया है। अक्सर लोग ठीक होते ही दवा या परहेज छोड़ देते हैं, जिससे बीमारी वापस आ सकती है। शराब, अधिक मांसाहारी भोजन, देर रात तक जगना आदि से बचना चाहिए।