
Nose Picking: नाक में उंगली डालकर कुरेदना या जमी हुई गंदगी या सूखी पपड़ी को निकालना कई लोगों की आदत होती है। कई बार नाक के अंदर सूखापन या ज्यादा म्यूकस होने की वजह से भी कुछ लोगों का ऐसा करने का मन करता है। हालांकि, बार बार नाक कुरेदने से नाक के अंदर की त्वचा पर चोट लग सकती है और नाक से खून भी आ सकता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि नाक में उंगली डालना कितना नुकसानदायक हो सकता है और इस आदत को कम करने के लिए क्या किया जा सकता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, नाक कुरेदने से नाक के अंदर कट या चोट लग सकती है। इसकी वजह से नाक से खून आने का खतरा बढ़ सकता है। इसके अलावा बार बार नाक में उंगली डालने से नाक में इंफेक्शन होने की संभावना भी बढ़ सकती है। नाक कुरेदने से स्टैफ इंफेक्शन का खतरा बढ़ सकता है। वहीं मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के मुताबिक, नाक के अंदर की परत में कई छोटी रक्त वाहिकाएं होती हैं, जो सतह के काफी करीब होती हैं और आसानी से प्रभावित हो सकती हैं।
नाक की गंदगी यानी बूगर अपने आप में आम तौर पर गंभीर नुकसान नहीं पहुंचाता, लेकिन उसे निकालने के लिए बार बार नाक कुरेदना परेशानी पैदा कर सकता है। उंगली से नाक के अंदर की त्वचा पर चोट लगने से खून निकल सकता है और इंफेक्शन का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए नाक के अंदर जमे सूखी गंदगी को बार बार उंगली से निकालने से बचना बेहतर है।
मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के मुताबिक, ज्यादातर मामलों में नाक से खून आना गंभीर नहीं होता और यह कुछ समय में रुक सकता है। अगर नाक से खून आए तो सीधे बैठें और थोड़ा आगे की ओर झुकें। इसके बाद नाक को अंगूठे और तर्जनी से करीब 15 से 20 मिनट तक लगातार दबाकर रखें। इस दौरान मुंह से सांस लें और बार बार नाक छोड़कर यह देखने की कोशिश न करें कि खून रुका या नहीं। अगर 20 मिनट तक दबाने के बाद भी खून नहीं रुकता, बहुत ज्यादा खून निकलता है या सांस लेने में परेशानी होती है तो तुरंत मेडिकल मदद लेनी चाहिए।
क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, नाक में सूखापन कम करने से बार बार नाक कुरेदने की जरूरत भी कम हो सकती है। इसके लिए कमरे में ह्यूमिडिफायर और सलाइन नेजल स्प्रे का इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके अलावा नाक साफ करने के लिए टिश्यू पास रखना और जरूरत पड़ने पर नाक साफ करना भी मददगार हो सकता है।
अगर एलर्जी या किसी दूसरी वजह से नाक में ज्यादा म्यूकस बनता है तो उसके कारण का इलाज कराना भी जरूरी है। बच्चों में नाक कुरेदने की आदत कम करने के लिए उनके नाखून छोटे रखना मददगार हो सकता है।
बार बार नाक से खून आने के पीछे सूखी हवा और नाक कुरेदने के अलावा एलर्जी, साइनस की समस्या, कुछ दवाएं और अन्य कारण भी हो सकते हैं। इसलिए अगर नाक से खून हफ्ते में एक से ज्यादा बार आता है तो डॉक्टर से जांच करानी चाहिए।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।