
Baby Oil Massage Tips (representative image) image credit Gemini
Baby Oil Massage Tips: न्यूबॉर्न बेबी की तेल से मालिश करना आम बात है। इस दौरान बच्चे के सिर पर भी तेल लगाया जाता है। कुछ लोगों का मानना है कि सिर पर तेल लगाने से बच्चे का विकास बेहतर होता है और सिर का नरम हिस्सा यानी एंटीरियर फॉन्टानेल भी जल्दी बंद हो सकता है। लेकिन क्या वाकई सिर पर तेल लगाने से एंटीरियर फॉन्टानेल जल्दी बंद होता है? आइए जानते हैं इस बात में कितनी सच्चाई है और मेडिकल गाइडलाइन इस बारे में क्या कहती हैं।
नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन (NCBI) की एक रिपोर्ट के अनुसार, तेल मालिश से त्वचा की सुरक्षा, त्वचा की नमी बनाए रखने और शरीर का तापमान नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है। इसके अलावा, कुछ अध्ययनों में शिशुओं के विकास और वजन बढ़ने से जुड़े फायदे भी देखे गए हैं। हालांकि, ऐसा कोई प्रमाण नहीं मिला है कि बच्चे के सिर पर तेल लगाने से एंटीरियर फॉन्टानेल जल्दी बंद होता है।
एंटीरियर फॉन्टानेल बच्चे के सिर के ऊपर मौजूद नरम हिस्सा होता है। जन्म के समय बच्चे की खोपड़ी की हड्डियां पूरी तरह आपस में जुड़ी नहीं होती हैं। इनके बीच मौजूद जगह बच्चे के सिर और मस्तिष्क के विकास के दौरान जरूरी होती है। समय के साथ खोपड़ी की हड्डियों में बदलाव होते हैं और यह नरम हिस्सा धीरे धीरे बंद हो जाता है।
इंडियन एकेडमी ऑफ पीडियाट्रिक्स (Indian Academy of Pediatrics) की गाइडलाइन में नवजात और बच्चों की त्वचा की देखभाल को लेकर बताया गया है कि तेल मालिश के कई फायदे हो सकते हैं और इसे शिशु की देखभाल का हिस्सा माना जा सकता है। इसमें सूरजमुखी के तेल और नारियल तेल जैसे कुछ तेलों को मालिश के लिए बेहतर विकल्प बताया गया है। हालांकि, सिर पर तेल लगाने से एंटीरियर फॉन्टानेल जल्दी बंद होता है, इसके बारे में कोई प्रमाण नहीं है।
नेशनल एकेडमी ऑफ मेडिकल साइंसेज (National Academy of Medical Sciences) की रिपोर्ट के अनुसार, शिशुओं की हल्के हाथों से तेल मालिश की जा सकती है। मालिश के दौरान बच्चे को संभालकर रखने के साथ ही तेल की शुद्धता का भी ध्यान रखना चाहिए। किसी तेल का इस्तेमाल करने से पहले संभावित एलर्जी या रिएक्शन के लिए पैच टेस्ट करने की सलाह भी दी गई है।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
Updated on:
14 Sept 2026 04:21 pm
Published on:
14 Sept 2026 04:15 pm
