
Dry Skin Care: पर्वतीय और ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की ठंड और मौसम बदलने की शुरुआत हो गई है। वहीं मैदानी इलाकों में भी सुबह और शाम के समय ठंड महसूस होने लगी है, जबकि दिन में गर्मी अभी बनी हुई है। आने वाले दिनों में ठंड बढ़ने के साथ इसका असर त्वचा पर भी दिखने लगेगा। ठंडी और कम नमी वाली हवा से स्किन रूखी और खिंची हुई लग सकती है। ऐसे में ठंड बढ़ने से पहले ही त्वचा की देखभाल शुरू करना बेहतर है। आइए जानते हैं सर्दियों में स्किन को ड्राय होने से बचाने के लिए क्या करना चाहिए और किन चीजों से बचना चाहिए।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, सर्दियों में हवा में नमी कम होने से त्वचा भी अपनी नमी खोने लगती है। घर के अंदर हीटर चलने पर हवा और ज्यादा शुष्क हो सकती है। इसके अलावा ठंड के मौसम में त्वचा के प्राकृतिक तेल का उत्पादन भी कम हो सकता है, जिससे स्किन रूखी और खिंची हुई महसूस होने लगती है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, ठंड में गर्म पानी से लंबे समय तक नहाना अच्छा तो लगता है, लेकिन इससे त्वचा के प्राकृतिक तेल कम हो सकते हैं और स्किन ज्यादा ड्राय हो सकती है। इसलिए नहाने के लिए बहुत गर्म पानी की जगह गुनगुने पानी का इस्तेमाल करें और कोशिश करें कि शॉवर 5 से 10 मिनट से ज्यादा लंबा न हो।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, ज्यादा खुशबू वाले साबुन और स्किन केयर प्रोडक्ट कुछ लोगों की त्वचा में जलन और रूखापन बढ़ा सकते हैं। इसलिए सर्दियों में हल्के और बिना खुशबू वाले साबुन, क्लींजर और मॉइस्चराइजर इस्तेमाल करना बेहतर हो सकता है।
मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के अनुसार, सर्दियों में त्वचा को मॉइस्चराइज रखना जरूरी है। अगर त्वचा बहुत ज्यादा रूखी या फट रही है तो ऑइंटमेंट मददगार हो सकता है। सामान्य रूखेपन में क्रीम या लोशन इस्तेमाल किया जा सकता है। मॉइस्चराइजर का असर कुछ घंटों तक ही रह सकता है, इसलिए जरूरत के अनुसार इसे दिन में दो से तीन बार लगाया जा सकता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, रूखी और परतदार त्वचा देखकर बार बार स्क्रब या एक्सफोलिएशन करने से बचना चाहिए। ज्यादा एक्सफोलिएशन से त्वचा के प्राकृतिक तेल और नमी कम हो सकती है, जिससे रूखापन और खुजली बढ़ सकती है।
मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के अनुसार, सर्दियों में ठंडी और कम नमी वाली हवा का असर त्वचा पर पड़ सकता है। इसलिए बाहर निकलते समय गर्म कपड़े पहनकर शरीर को ठंडी हवा से बचाएं। खासकर चेहरे और हाथों जैसे खुले हिस्सों को ढककर रखें और जरूरत के अनुसार मॉइस्चराइजर लगाएं।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, सर्दियों में बाहर की ठंडी हवा और घर के अंदर हीटिंग चलने से हवा में नमी कम हो सकती है। इससे त्वचा ज्यादा रूखी हो सकती है। ऐसे में घर में ह्यूमिडिफायर चलाने से हवा में नमी बढ़ाने में मदद मिल सकती है। घर के अंदर नमी का स्तर 30 से 50 प्रतिशत के बीच रखना बेहतर माना जाता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक (Cleveland Clinic) के अनुसार, ठंड के मौसम में भी शरीर को पर्याप्त पानी की जरूरत होती है। ठंड के मौसम में प्यास कम लग सकती है, लेकिन शरीर को पानी की जरूरत बनी रहती है। इसलिए सर्दियों में भी पर्याप्त पानी पीते रहें, ताकि शरीर में पानी की कमी न हो और त्वचा की नमी बनाए रखने में मदद मिले।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।