
'अग्निपथ' योजना के ऐलान के बाद से ही देशभर में इसे लेकर विरोध हो रहा है। देश के कई हिस्सों में छात्र इस योजना को लागू न करने के समर्थन में विरोध कर रहे हैं। उत्तर प्रदेश में कई जगह अगग्निपथ योजना को लेकर विरोध किया जा रहा है। इसका सबसे ज्यादा विरोध बिहार में देखने को मिला जहां प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने ट्रेन की बोगी में आग लगा दी। छात्र इस योजना को अपने भविष्य के साथ खिलवाड़ बताते हुए वापस लेने की मांग कर रहे हैं, तो केन्द्र सरकार ने भी इसे वापस लेने की मांग को खारिज कर दिया है। अग्ननिपथ योजना की अधिकतम आयु सीमा में बदलाव किया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस संबंध में ट्विट कर जानकारी दी है।
बढ़ाई गई आयु सीमा
देश में लगातार हो रहे विरोध के बाद अग्निपथ योजना की अधिकतम आयु सीमा में बदलाव किया गया है। पहले इस योजना में भर्ती होने के लिए 21 वर्ष की अधिकतम आयु निर्धारित की गई थी, जिसे अब बढ़ाकर 23 कर दी गई है।
क्या है अग्ननिपथ योजना
अग्नीपथ योजना वह स्कीम है जिसें इस साल 46 युवाओं को सशस्त्र बल में शामिल किए जाने का प्रावधान है। युवाओं की भर्ती 4 साल के लिए होगी और उन्हें अग्निवीर कहा जाएगा। इतना ही नहीं बल्कि उन्हें 30,000 से 40,000 प्रति माह का वेतन मिलेगा और उनकी उम्र 17 से 21 वर्ष के बीच होगी। इस योजना का अर्थ यह भी है कि भर्ती हुए 25 फ़ीसदी युवाओं को आगे सेना में मौका मिलेगा और बाकी 75 फीसदी को नौकरी छोड़नी पड़ेगी।