लखनऊ

मायावती ने फिर जताया भतीजे पर भरोसा, कांशीराम जयंती के मंच से आकाश आनंद की वापसी का बड़ा ऐलान

Akash Anand BSP Return: कांशीराम जयंती के मौके पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने बड़ा राजनीतिक दांव खेलते हुए आकाश आनंद की पार्टी में वापसी का ऐलान किया है। 2027 विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखकर नई रणनीति तैयार की गई है।
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Oct 05, 2026
Akash anand
आकाश आनंद। PC: @AnandAkash_BSP "X"

Akash Anand BSP Return:उत्तर प्रदेश की राजनीति में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने आगामी विधानसभा चुनावों से पहले एक बेहद महत्वपूर्ण राजनीतिक दांव खेला है। बसपा सुप्रीमो मायावती ने बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम की जयंती के पावन अवसर पर अपने भतीजे आकाश आनंद की पार्टी में भव्य वापसी का ऐलान किया है। पार्टी हाईकमान ने उन्हें एक बार फिर नेशनल को-ऑर्डिनेटर की अहम जिम्मेदारी सौंपी है। इस फैसले के बाद बहुजन समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों में भारी उत्साह की लहर दौड़ गई है, जिसे 2027 के चुनाव अभियानों के लिए बसपा का बड़ा गेमचेंजर माना जा रहा है।

गलतियों को पीछे छोड़ संगठन को मजबूत करने का निर्देश

उल्लेखनीय है कि लोकसभा चुनावों के दौरान कुछ राजनीतिक और आक्रामक बयानों के बाद मायावती ने आकाश आनंद को अपरिपक्व बताते हुए सभी संगठनात्मक पदों से मुक्त कर दिया था। हालांकि, अब कांशीराम जयंती के अवसर पर बहनजी ने उनके प्रति अपना रुख स्पष्ट करते हुए उन्हें फिर से मौका दिया है। मायावती ने साफ संदेश दिया है कि आकाश आनंद ने अपनी परिपक्वता का परिचय दिया है और अब वह पार्टी के सिद्धांतों के तहत दलितों, पिछड़ों और युवाओं को बसपा के साथ जोड़ने का काम करेंगे।

दलित वोट बैंक और जेन-जी को साधने की रणनीति

बसपा की इस नई रणनीति को सीधे तौर पर उत्तर प्रदेश के युवा और दलित वोट बैंक से जोड़कर देखा जा रहा है। पिछले कुछ चुनावों में आजाद समाज पार्टी (भीम आर्मी) और समाजवादी पार्टी के 'पीडीए' (PDA) फॉर्मूले से बहुजन समाज पार्टी के पारंपरिक कैडर को झटका लगा था। आकाश आनंद की वापसी से पार्टी को एक युवा चेहरा मिला है जो कॉलेज परिसरों, सोशल मीडिया और युवा चौपालों के जरिए 'जेन-जी' (Gen-Z) वोटरों तक सीधी पहुंच बना सकता है।

2027 विधानसभा चुनाव के लिए फ्रंट फुट पर बसपा

मायावती के इस मास्टरस्ट्रोक के बाद बहुजन समाज पार्टी ने राज्य भर में संगठन पुनर्गठन और कैडर कैंप आयोजित करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। आकाश आनंद अब राज्य स्तर पर दौरों और जनसभाओं की कमान संभालेंगे। इस राजनीतिक कमबैक से विपक्षी खेमे, खास तौर पर सपा और बीजेपी में भी नए सिरे से चुनावी समीकरणों का आकलन शुरू हो गया है।

Updated on:
05 Oct 2026 06:36 pm
Published on:
05 Oct 2026 06:20 pm