लखनऊ

‘दस दिखाया, सोलह गटकाया’, कन्नौज में सोने की बरामदगी पर अखिलेश यादव का पुलिस पर तंज, तस्करी के रास्ते का भी किया जिक्र

Kannauj Police: कन्नौज में सोने के बिस्कुट की बरामदगी को लेकर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने पुलिस कार्रवाई पर 16 सोने के बिस्कुट गायब करने का गंभीर आरोप लगाया है। सपा प्रमुख का दावा है कि 26 बिस्कुट मिले, लेकिन पुलिस ने सिर्फ 10 ही दिखाए। जानें पूरा मामला...
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Aug 23, 2026
Akhilesh Yadav
अखिलेश यादव (फाइल फोटो)

Akhilesh Yadav Statement on Kannauj Gold Case: उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले में पुलिस द्वारा सोने की बरामदगी के मामले ने देखते ही देखते राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने इस मामले में स्थानीय पुलिस पर बेहद गंभीर सवाल उठाए हैं। अखिलेश यादव ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि पकड़ी गई कार से कुल 26 सोने के बिस्कुट बरामद हुए थे लेकिन पुलिस ने सार्वजनिक रूप से सिर्फ 10 बिस्कुट ही दिखाए हैं।

'दस दिखाया, सोलह गटकाया'

अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर पोस्ट करते हुए इस पूरी घटना को लेकर राज्य की भाजपा सरकार और पुलिस प्रशासन पर करारा तंज कसा है। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा कि दस दिखाया सोलह गटकाया। सपा प्रमुख ने आशंका जताते हुए यह भी कहा कि कहीं बरामद किए गए सोने को सरकारी रिकॉर्ड में केवल पीली धातु बताकर बाद में उसे किसी दूसरी सस्ती धातु से बदल न दिया जाए। उन्होंने इस पूरे मामले को लेकर पुलिस और सरकार की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाते हुए इसे डबल इंजन सरकार का डबल गोरखधंधा करार दिया है।

जानिए क्या है पूरा मामला?

आपको बता दें कि हाल ही में कन्नौज में पुलिस की गाड़ी से एक संदिग्ध ब्रेजा कार की जोरदार टक्कर हो गई थी। हादसे के तुरंत बाद कार में सवार लोग मौके से भागने लगे। शक होने पर पुलिस ने पीछा करके उन्हें धर दबोचा और जब कार की सघन तलाशी ली गई तो उसमें से भारी मात्रा में सोने के बिस्कुट मिलने की बात सामने आई। अखिलेश यादव का दावा है कि कार से एक-एक किलो के कुल 26 सोने के बिस्कुट मिले थे जबकि पुलिस ने केवल 10 बिस्कुट मिलने की ही बात कही है। पुलिस की इसी बरामदगी और दिखाई गई सोने की मात्रा को लेकर अब विवाद खड़ा हो गया है।

नेपाल से दिल्ली तक तस्करी का बताया नेटवर्क

अपने पोस्ट में अखिलेश यादव ने सोने की तस्करी के इस कथित बड़े नेटवर्क और रास्तों का भी खुला जिक्र किया है। उन्होंने बताया कि नेपाल से गोरखपुर और फिर गोरखपुर से दिल्ली तक इस तरह के अवैध धंधे का पूरा रास्ता बना हुआ है और तस्कर इसी रूट का इस्तेमाल करते हैं। हालांकि अभी तक अखिलेश यादव के इन सनसनीखेज आरोपों की पुलिस विभाग की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि या खंडन नहीं आया है। अब सभी की निगाहें पुलिस की आधिकारिक जांच और इस मामले में होने वाली आगे की कार्रवाई पर पूरी तरह से टिकी हुई हैं।