लखनऊ

Atiq Ahmad Son Asad Encounter : पांच मिनट देर से पहुंची पुलिस, वरना पहले ही पकड़ा जाता असद, पढ़़ें पूरी कहानी

Atiq Ahmad Son Asad Encounter : यूपी के बाहुबली माफिया डॉन अतीक अहमद के बेटे असद की तलाश में यूपी एसटीएफ ने दिल्ली में छापेमारी की थी। इस दौरान वहां से पांच मिनट पहले ही असद अपने शूटर समेत फरार हो गया था।
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Updated: 13 Apr 2023, 4:46 PM IST
Atiq Ahmad Son Asad Encounter

यूपी के बाहुबली माफिया डॉन अतीक अहमद के बेटे असद की तलाश में यूपी एसटीएफ ने दिल्ली में छापेमारी की थी। इस दौरान वहां से पांच मिनट पहले ही असद अपने शूटर समेत फरार हो गया था। गुरुवार को झांसी के पास दोनों आरोपियों का एसटीएफ ने एनकाउंटर कर दिया। इससे पहले असद और शूटर गुलाम अहमद अलग-अलग जगहों पर छिपकर पुलिस ने बचने की कोशिश कर रहे थे।

40 राउंड फायरिंग से दहशत में आए ग्रामीण
असद का झांसी में एनकाउंटर करने वाली UP STF की टीम को डिप्टी एसपी नवेन्दु और DSP विमल कुमार लीड कर रहे ‌थे। एसटीएफ के मुताबिक गुरुवार को जब झांसी में दोनों की घेराबंदी की गई तो दोनों फायर करने लगे। जवाबी कार्रवाई में दोनों को मार गिराया गया।

इस दौरान करीब 40 राउंट फायरिंग की गई। इनके पास से हथियार भी बरामद किए गए हैं। बताया गया है कि दोनों की तलाश पुलिस को काफी दिनों से थी लेकिन पिछली बार महज 5 मिनट के फासले से मिस कर गए थे।

उमेशपाल शूटआउट के बाद हुआ था फरार
25 फरवरी को उमेश पाल हत्याकांड के बाद असद अन्य शूटर समेत नौ रास्तों से भागा था। बाद में पुलिस ने खुलासा किया था कि रास्ते गुड्डू मुस्लिम और माफिया अतीक अहमद के बेटे असद ने तय किए थे। असद और गुड्डू ने लखनऊ, बिहार और नेपाल सीमा पर छुपने के ठिकाने भी बता दिए थे। सख्त हिदायत के साथ कि कोई एक दूसरे से मोबाइल पर कतई बात नहीं करेगा। हत्या में शामिल हर आरोपी को अलग-अलग रास्तों से फरार होना था।

दिल्ली में अतीक के पुराने ड्राइवर ने असद को छिपाया
‌दिल्ली में अतीक के पुराने ड्राइवर व दो हथियार तस्करों ने असद को छिपने में मदद की थी। वह दक्षिण व पश्चिम दिल्ली के अलावा अन्य जगहों पर 15 दिनों तक छिपा रहा था। उसके बाद उसने दिल्ली से भी अपना ठिकाना बदल लिया।

यूपी एसटीएफ की सूचना पर पिछले माह दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल की काउंटर इंटेलीजेंस ने असद के मददगार तीन आरोपितों को आर्म्स एक्ट में मामले में दबोच कर यूपी एसटीएफ को सौंप दिया था।

दिल्ली में असद की तलाश कर रही थी STF
सेल की मदद से यूपी एसटीएफ अभी भी दिल्ली में असद की तलाश कर रही है। कुछ जगहों पर छापेमारी किए जाने पर अब जाकर इसकी जानकारी मिली है। दिल्ली पुलिस सूत्रों के मुताबिक मार्च के पहले हफ्ते अतीक का बेटा असद दिल्ली में छिपने आया था। यहां रहने के दौरान उसने अपने पुराने ड्राइवर जावेद को पैसे लाने मेरठ भेजा था।

जावेद ने मेरठ से पैसा लाकर दिल्ली में असद को सौंप दिया था। वह दिल्ली में रहता है। असद पहले दक्षिण दिल्ली के जामिया नगर में छिपा उसके बाद पश्चिमी दिल्ली में भी छिपा। मामला प्रकाश में आने पर शाम को दिल्ली पुलिस प्रवक्ता डीसीपी सुमन नलवा ने मीडिया को जारी बयान में बताया कि काउंटर इंटेलीजेंस ने पिछले महीने पहले अवतार सिंह नाम के एक हथियार तस्कर को गिरफ्तार किया था।

आरोपियों की गिरफ्तारी कर बरामद किए हथियार
पूछताछ में उसने बताया कि खालिद और जीशान नामक दो व्यक्ति को उसने 10 हथियारों की आपूर्ति की थी, जिसके बाद गुप्त सूचना के आधार पर 28 मार्च को खालिद और जीशान को शेख सराय से गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों के कब्जे से दो पिस्टल व कारतूस बरामद किए गए।

माफियाओं को मिट्टी में मिला दूंगा: जब सदन में गरजे सीएम योगी
प्रयागराज शूटआउट के बाद सीएम योगी ने भरी सदन में गुस्सा जाहिर किया था। दावा किया था कि वो गैंगस्टर राज का खात्मा कर देंगे। कहा था- "माफियाओं को 'मिट्टी में मिला दूंगा... जिस अतीक अहमद के खिलाफ पीड़ित परिवारों ने मुकदमा दर्ज कराया। वह समाजवादी पार्टी के द्वारा पोषित माफिया है। माफियाओं को मिट्टी में मिला देंगे।"

उन्होंने कहा कि हमने अतीक की कमर तोड़ने का काम किया है। विधानसभा में सीएम योगी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि ये पेशेवर माफियाओं और अपराधियों को सरपरस्त हैं। सीएम ने कहा कि इनके रग-रग में अपराध भरा हुआ है। पूरा प्रदेश इस बात को जानता है।

Updated on:
13 Apr 2023, 4:46 PM IST
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