ट्वीटर पर काफी एक्टिव रहने वाले सूबे के पूर्व सीएम अखिलेश यादव अपने ही एक ट्वीट के कारण काफी ट्रोल किए जा रहे हैं।
लखनऊ. ट्वीटर पर काफी एक्टिव रहने वाले सूबे के पूर्व सीएम अखिलेश यादव अपने ही एक ट्वीट के कारण काफी ट्रोल किए जा रहे हैं। दरअसल अखिलेश यादव ने एक खबर की कटिंग पोस्ट कर सूबे में गन्ना किसानों के बकाए का मुद्दा उठाया। उस न्यूज़पेपर की डेटलाइन एक साल पुरानी है। बीजेपी प्रवक्ता शलभ मणि त्रिपाठी समेत पार्टी के कई समर्थकों ने इस ट्वीट को लेकर अखिलेश को ट्रोल करना शुरू कर दिया।
अखिलेश का ट्वीट
अखिलेश ने एक खबर की कटिंग साझा करते हुए लिखा- गन्ना किसानों का हज़ारों करोड़ बकाया है और ये ‘अक्षम सरकार’ अॉडिट के बहाने गन्ना किसानों का भुगतान टाल रही है। अपनी नाकामी छिपाने के लिए ये सरकार हर बात में जाँच-पड़ताल का सहारा लेकर टालमटोल करती है. ये कैसी सरकार है जो न तो जनता के काम आ रही है और न कोई काम कर रही है।
बीजेपी ने घेरा
इसके जवाब में बीजेपी प्रवक्ता शलभ मणि त्रिपाठी ने लिखा- पहले हवा में मेट्रो चली,फिर हवा में ही पूर्वांचल एक्सप्रेसवे,हवा में हुकूमत चलाने वाले लोगों ने जब हवा में आरोप लगाए तो ख़ुद को बेनक़ाब कर डाला,आप जो बक़ाया दिखा रहे,वो एक साल पुराना,आपकी ही सरकार का है,और अब सरकार इसे चुका रही,पेपर की डेट तो देख ली होती,कुछ हवा में लिखने से पहले।
पुरानी खबर कर दी साझा-
अखिलेश ने जो खबर साझा की- 23 अप्रैल 2017 को प्रकाशित हुई थी। उस समय योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बने मात्र एक महीने हुआ था। एक साल पुरानी खबर के सहारे योगी सरकार पर सवाल उठाने पर अखिलेश यादव सोशल मीडिया यूजर्स के निशाने पर आ गए। बड़ी संख्या में लोग कॉमेंट करने लगे।इस पर तमाम ट्वीटर यूजर्स ने भी कमेंट किए। अखिलेश के इस ट्वीट के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने कॉमेंट कर उन्हें नसीहत दे डाली। ट्वीटर यूजर विकास शर्मा ने लिखा- यादव जी को भी राहुल गांधी का असर हो गया है 1 साल पुरानी खबरों को दिखा रहे है। वहीं सुनील यादव ने लिखा -इस पोस्ट को शेयर करने वाले, आईटी सेल के धुरंधर , भाई पेपर की कटिंग की डेट तो जांच लो।
अखिलेश ने फिर किया ट्वीट
अखिलेश ने उस ट्वीट पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। उन्होंने मंगलवार को भी ट्वीटर के जरिए सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा-हमने विश्वस्तरीय हाइवे और बसों से लोगों का सफ़र आरामदायक ही नहीं, सुरक्षित भी बनाया था. लेकिन यात्रियों की सुरक्षा केवल अच्छी सड़कों से ही नहीं बल्कि अच्छे ड्राइवरों के हाथों में भी होती है, ये बात उनको भी समझनी चाहिए और सुनिश्चित भी करनी चाहिए जो आज राज्य की गाड़ी चला रहे हैं।