CM डैशबोर्ड की मार्च रिपोर्ट में हमीरपुर पहले, बरेली दूसरे और रामपुर तीसरे स्थान पर रहे, बेहतर प्रशासन और विकास कार्यों के आधार पर जिलों की रैंकिंग जारी की गई।
CM Dashboard Ranking: उत्तर प्रदेश में सुशासन और विकास कार्यों की निगरानी के लिए बनाए गए मुख्यमंत्री डैशबोर्ड (सीएम डैशबोर्ड) ने एक बार फिर जिलों के प्रदर्शन की तस्वीर साफ कर दी है। मार्च माह की ताज़ा रिपोर्ट में हमीरपुर जिले ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। वहीं बरेली दूसरे और रामपुर तीसरे स्थान पर रहा है। यह रैंकिंग प्रशासनिक दक्षता, विकास कार्यों की गुणवत्ता और जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के आधार पर तय की गई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में पिछले नौ वर्षों से विकास कार्यों की गति तेज हुई है। सरकार का लक्ष्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका धरातल पर प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है। इसी उद्देश्य को पूरा करने में सीएम डैशबोर्ड एक महत्वपूर्ण उपकरण के रूप में सामने आया है, जो विभिन्न विभागों के कार्यों की लगातार समीक्षा करता है।
सीएम डैशबोर्ड: निगरानी का सशक्त माध्यम
सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से प्रदेश के सभी जिलों में जनसुनवाई, राजस्व कार्यों, कानून-व्यवस्था और विकास योजनाओं की नियमित निगरानी की जाती है। यह प्रणाली न केवल अधिकारियों की जवाबदेही तय करती है, बल्कि जिलों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को भी बढ़ावा देती है।
हर महीने डैशबोर्ड के जरिए 49 विभागों के 110 कार्यक्रमों की समीक्षा की जाती है। इन कार्यक्रमों में स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, सड़क निर्माण, बिजली, जलापूर्ति और सामाजिक कल्याण जैसी महत्वपूर्ण योजनाएं शामिल होती हैं। विभिन्न मानकों पर जिलों का मूल्यांकन कर उनकी रैंकिंग जारी की जाती है।
हमीरपुर का शानदार प्रदर्शन
मार्च माह की रिपोर्ट में हमीरपुर जिले ने 10 में से 9.55 अंक प्राप्त कर पहला स्थान हासिल किया है। यह उपलब्धि जिले में चल रहे विकास कार्यों की गुणवत्ता और प्रशासनिक दक्षता को दर्शाती है। हमीरपुर के अधिकारियों ने योजनाओं के क्रियान्वयन में समयबद्धता और पारदर्शिता का विशेष ध्यान रखा है।
बरेली और रामपुर भी पीछे नहीं
बरेली जिले ने भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 9.54 अंक के साथ दूसरा स्थान प्राप्त किया है। वहीं रामपुर जिले ने 9.51 अंक हासिल कर तीसरा स्थान हासिल किया है। रामपुर के जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने बताया कि जिले में मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है और उन्हें तय समय सीमा में पूरा किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि सीएम डैशबोर्ड की रिपोर्ट जिलों के प्रदर्शन का एक सटीक आकलन प्रस्तुत करती है और यह प्रशासन को बेहतर कार्य करने के लिए प्रेरित करती है।
टॉप फाइव में मैनपुरी और हरदोई
सीएम डैशबोर्ड की मार्च रिपोर्ट में मैनपुरी और हरदोई ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए क्रमशः चौथा और पांचवां स्थान प्राप्त किया है। इन जिलों ने भी विभिन्न विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से अपनी स्थिति मजबूत की है।
टॉप टेन जिलों की सूची
मार्च माह की रैंकिंग में टॉप टेन जिलों में शाहजहांपुर, लखीमपुर खीरी, जालौन, सोनभद्र और कौशांबी ने भी अपनी जगह बनाई है। इन जिलों का प्रदर्शन भी सराहनीय रहा है और उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य किए हैं।
जिलों में बढ़ी प्रतिस्पर्धा
सीएम डैशबोर्ड की इस रैंकिंग प्रणाली ने जिलों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दिया है। अधिकारी अब अपने-अपने जिलों को बेहतर प्रदर्शन दिलाने के लिए अधिक सक्रिय और जिम्मेदार बन रहे हैं। इसका सीधा लाभ आम जनता को मिल रहा है, क्योंकि योजनाओं का क्रियान्वयन तेजी से और प्रभावी तरीके से हो रहा है।
जनकल्याणकारी योजनाओं को मिल रही गति
डैशबोर्ड की निगरानी के चलते जनकल्याणकारी योजनाओं में भी तेजी आई है। गरीबों, किसानों, महिलाओं और युवाओं के लिए चलाई जा रही योजनाओं का लाभ समय पर लोगों तक पहुंच रहा है। इससे लोगों के जीवन स्तर में सुधार हो रहा है और प्रदेश की विकास यात्रा को नई दिशा मिल रही है।
पारदर्शिता और जवाबदेही में सुधार
सीएम डैशबोर्ड ने प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही को भी मजबूत किया है। अधिकारियों को अपने कार्यों का नियमित आकलन करना पड़ता है, जिससे लापरवाही की गुंजाइश कम हो जाती है।