लखनऊ

 Free School Admission: प्राइवेट स्कूलों के दरवाज़े खुले, गरीब बच्चों को मुफ्त पढ़ाई, आवेदन प्रक्रिया शुरू, अभिभावकों में खुशी की लहर

Free Admission: आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित परिवारों के बच्चों के लिए निजी स्कूलों में मुफ्त प्रवेश का सुनहरा मौका आया है। शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत सत्र 2026-27 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो रही है। लाखों सीटों पर दाखिले होंगे, जिनका पूरा खर्च सरकार वहन करेगी।

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Feb 04, 2026
25% सीटें आरक्षित, लाखों बच्चों को मिलेगा बड़े स्कूलों में पढ़ने का मौका - जानिए आवेदन का पूरा तरीका (फोटो सोर्स : WhatsApp News Group)

Free Admissions in Private School Under RTE Scheme :आर्थिक रूप से कमजोर और वंचित परिवारों के बच्चों के लिए शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। उत्तर प्रदेश में शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के तहत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए निजी स्कूलों में मुफ्त प्रवेश की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इस योजना के माध्यम से ऐसे बच्चों को भी बड़े और प्रतिष्ठित प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने का अवसर मिलेगा, जिनके लिए अब तक यह केवल सपना था। सरकार का उद्देश्य है कि आर्थिक स्थिति किसी भी बच्चे की शिक्षा में बाधा न बने। इसी दिशा में यह योजना गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए आशा की किरण बनकर सामने आई है।

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क्या है RTE के तहत यह योजना

शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 के तहत देश के सभी निजी स्कूलों को अपनी 25% सीटें आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) और वंचित समूह (DG) के बच्चों के लिए आरक्षित रखना अनिवार्य है। इन सीटों पर पढ़ने वाले बच्चों की फीस, किताबें और अन्य शैक्षणिक खर्च सरकार वहन करती है। उत्तर प्रदेश में इस बार लगभग 68,000 निजी स्कूलों में करीब 6 लाख सीटों पर मुफ्त दाखिले की संभावना जताई गई है। यह संख्या पिछले वर्षों की तुलना में अधिक मानी जा रही है।

दाखिला प्रक्रिया तीन चरणों में

प्रवेश प्रक्रिया को तीन चरणों में बांटा गया है, ताकि अधिक से अधिक अभिभावक आवेदन कर सकें।

चरणआवेदन तिथिलॉटरी परिणाम
पहला2 फरवरी – 16 फरवरी 202618 फरवरी 2026
दूसरा21 फरवरी – 7 मार्च 20269 मार्च 2026
तीसरा12 मार्च – 25 मार्च 202629 मार्च 2026

शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जिन बच्चों का नाम लॉटरी में आएगा, उनका दाखिला 11 अप्रैल 2026 तक हर हाल में पूरा कर लिया जाए।

आयु सीमा क्या है

  • बच्चों की उम्र की गणना 1 अप्रैल 2026 के आधार पर की जाएगी।
कक्षा
आयु सीमा
नर्सरी3-4 वर्ष
LKG4-5 वर्ष
UKG5-6 वर्ष
कक्षा 16-7 वर्ष
उम्र का प्रमाण जन्म प्रमाण पत्र से सत्यापित किया जाएगा।

लॉटरी से होगा चयन

चूंकि सीटें सीमित हैं और आवेदनों की संख्या अधिक होती है, इसलिए चयन प्रक्रिया कंप्यूटराइज्ड लॉटरी के जरिए होती है। यह प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष मानी जाती है। लॉटरी में चयनित बच्चों की सूची जारी होने के बाद बेसिक शिक्षा अधिकारी संबंधित स्कूलों को आदेश देते हैं कि वे बच्चों को बिना किसी शुल्क के प्रवेश दें।

आवेदन कैसे करें

पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है। अभिभावकों को किसी दफ्तर के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं है।

  • बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र
  • आय प्रमाण पत्र
  • निवास प्रमाण पत्र
  • आधार कार्ड (यदि उपलब्ध)
  • पासपोर्ट साइज फोटो

फॉर्म भरते समय स्कूलों का चयन सावधानी से करें। स्कूल की दूरी, शिक्षा स्तर और उपलब्ध सुविधाओं को ध्यान में रखना जरूरी है।

किसे मिलेगा लाभ

  • यह योजना खासतौर पर उन परिवारों के लिए है:जिनकी आय निर्धारित सीमा से कम हैसमाज के वंचित वर्ग से आते हैंजिनके बच्चे अब तक सरकारी स्कूलों तक सीमित थे
  • यह पहल शिक्षा में समानता लाने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।

क्यों महत्वपूर्ण है यह योजना

  • गरीब और अमीर बच्चों के बीच शिक्षा का अंतर कम होगा
  • गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक पहुंच बढ़ेगी
  • बच्चों के आत्मविश्वास और भविष्य में सुधार होगा
  • समाज में शिक्षा का समावेशी वातावरण बनेगा
  • विशेषज्ञ मानते हैं कि इस योजना से सामाजिक असमानता घटाने में मदद मिलेगी।

अभिभावकों के लिए सुझाव

  • आवेदन समय सीमा से पहले पूरा करें
  • दस्तावेज सही और स्पष्ट अपलोड करें
  • स्कूल का चयन सोच-समझकर करें
  • लॉटरी परिणाम की तारीख ध्यान रखें
  • किसी बिचौलिए के चक्कर में न पड़ें - प्रक्रिया पूरी तरह मुफ़्त है

पिछले वर्षों का अनुभव

पिछले वर्षों में भी हजारों बच्चों को इस योजना से लाभ मिला है। कई बच्चों ने प्रतिष्ठित स्कूलों में प्रवेश लेकर शैक्षणिक उपलब्धियां हासिल की हैं। इससे गरीब परिवारों में शिक्षा के प्रति जागरूकता भी बढ़ी है।

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