राजधानी में बढ़ते अपराध को देखते हुए प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के कार्यालय की सिक्योरिटी बढ़ा दी गई है।
लखनऊ. राजधानी में बढ़ते अपराध को देखते हुए प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ के कार्यालय की सिक्योरिटी बढ़ा दी गई है। लाल बहादुर शास्त्री भवन (एनेक्सी) में पांच डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर (डीएफएमडी) लगाए गए हैं तथा एनेक्सी में प्रवेश करने वालों को इन्हीं से होकर गुजरना होगा।
विधानसभा सत्र शुरू होने से पहले हाई सिक्योरिटी
बता दें की कुछ समय बाद विधानसभा सत्र शुरू होने वाला है। जिसके मद्देनज़र ऑफिसों की सिक्योरिटी बढ़ा दी गई है। बीते दिनों राजधानी में हुई बड़ी आपराधिक घटनाओं से पुलिस प्रशासन चेत गया है। इसके बाद से ही न सिर्फ आसपास की पुलिस को एक्टिव किया गया बल्कि प्रमुख भवनों की सुरक्षा को भी पुख्ता किया जा रहा है।
सामान की होगी चेकिंग
विधानसभा सुरक्षा के अपर पुलिस अधीक्षक राहुल मिठास ने बताया कि एनेक्सी भवन के पांच गेट पर डीएफएमडी लगा दिए गए हैं। जल्द ही तीन बैगेज स्कैनर लगाए जाएंगे। दो स्कैनर पास बनवाकर आने वालों के लिए जबकि एक मुख्य पोर्टिको में गाड़ियों से आने वालों के बैगेज को स्कैन करेगा। पिछले वर्ष जुलाई में सत्र के दौरान विधानसभा के मंडप में कथित रूप से पीईटीएन (पेंटाइरिथ्रीटोल टेट्रानाइट्रेट) मिलने की घटना के बाद भी वहां की सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। हालांकि बाद में वह पाउडर लकड़ियों पर पॉलिश करने वाला निकला था। उसी समय पूरे सचिवालय क्षेत्र में 119 कैमरे लगाए लगवाए गए थे। अब जल्द ही कुछ और कैमरे लगाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री आवास और विधानसभा के बीच हुई लूट और हत्या की वारदात
बीते दिनों हुई लूट की वारदात से मुख्यमंत्री व प्रशासन की नींद उड़ी हुई है। बीते दिनों एक बाइक सवार ने दिनदहाड़े बैंक के सामने खड़ी कैश वैन मैं बैठे गार्ड को गोली मारकर हत्या कर दी थी। साथ ही गार्ड के साथ मौजूद कस्टोडियन पर भी गोली चला दी और नोटों से भरा बैग लेकर फरार हो गया था। बैग में लगभग 6 लाख 30 हजार रूपए मौजूद थे। मौके पर पहुंची भीड़ और पुलिस ने दोनों को अस्पताल पहुंचाया जहां गार्ड की मौत हो गई। घटना इतने वीवीआईपी एरिया में हुई जहां एक तरफ राजभवन और लगभग 500 मीटर की दूरी पर मुख्यमंत्री का आवास मौजूद था।