Ground Breaking Ceremony 3.0: लखनऊ में ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 3.0 में शहर के तीन स्टार्टअप ने प्रतिभा दिखाई। एक-एक स्टार्टअप के बारे में पीएम संग सीएम व रक्षा मंत्री ने विस्तृत जानकारी ली। इसमें फूलों से बनीं लेदर देख सब चौंक गए।
यह लेदर शाकाहारी है। इसे मंदिर में चढ़े हुए फूलों से बनाया गया है। इसका नाम फ्लेदर है। कानपुर के स्टार्टअप फूल के लीड डेवलपर आयुष अग्निहोत्री की बात सुनते ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चौंक गए। उन्होंने कहा कि वाकई इसे पूरी तरह फूलों से बनाया गया है। हां का जवाब सुनते ही पीएम ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से कहा कि इससे तो काशी विश्वनाथ कॉरिडोर में चलने के लिए चप्पल बनाई जा सकती है। साथ चल रहे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि यह फ्लेदर क्या बुलेटप्रूफ भी है। इस पर आयुष ने कहा कि अभी इस पर विचार नहीं हुआ लेकिन काम जरूर करेंगे।
लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 3.0 का आयोजन किया गया। जिसमें प्रदेश के 12 स्टार्टअप को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिला। इसमें तीन स्टार्टअप आईआईटी कानपुर के थे। जिसमें अंकित अग्रवाल का फूल, अक्षय श्रीवास्तव का एलसीबी फर्टिलाइजर और उसकी बहन काजल श्रीवास्तव का नाड़ी परीक्षण रहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक-एक स्टार्टअप के बारे में जानकारी प्राप्त की।
सभी ने ली इस लेदर की जानकारी
फूल स्टार्टअप के आयुष ने बताया कि फूलों से धूपबत्ती व फ्लेदर बनाया जा रहा है। इस फ्लेदर से बैग, बेल्ट आदि तैयार हो रहे हैं। प्रधानमंत्री ने अक्षय और काजल के स्टार्टअप के बारे में भी जानकारी ली। अक्षय ने बताया कि पीएम के जाने के बाद कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही व मंत्रालय की टीम ने जानकारी ली। यूपी के कृषि क्षेत्र को उन्नत करने के संबंध में जल्द अलग से मीटिंग की जाएगी।
लेदर की तरह उपलब्ध होंगी वस्तुएँ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मेदी ने फूलों से बना लेदर देखकर कहा कि इससे काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के लिए चप्पलें बनाई जा सकती हैं। इसके साथ ही स्टार्टअप कर रहे युवाओं ने जिस तरह से लेदर के बैग, बेल्ट, पर्स आदि बनता है वैसे ही फूलों से बनी लेदर से भी बनाना शुरू किया है। इससे प्रदूषण और गंदगी भी नहीं होती है।