
लखनऊ. योगी सरकार में इकलौते मुस्लिम मंत्री मोहसिन रजा को इन्वेस्टर समिट में अपना परिचय देना पड़ा। कैमरे की नज़र में उनका ये पूरा सिलसिला कैद हुआ। इन्वेस्टर समिट के आगाज़ से पहले देश के जाने माने उद्योगपति रिलायंस ग्रुप के चेयरमैन अनिल अम्बानी केंद्रीय मंत्री मनोज सिन्हा से बात कर रहे थे। इस बीच मोहसिन रजा ने अम्बानी से बात करनी चाहि लेकिन अम्बानी ने उनकी ओर ध्यान नहीं दिया। अंत में उन्हें अपना परिचय दे कर अम्बानी से हाथ मिलाना पड़ा।
दरअसल उदघाटन से पहले उद्योगपति पीएम मोदी का इंतज़ार कर रहे थे। इस बीच वे एक दूसरे से परिचय कर रहे थे। अम्बानी जब मनोज सिन्हा से वार्ता कर रहे थे तो उस बीच प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री मोहसिन रजा भी पहुँच गए। उन्होंने अम्बानी से बात करनी चाही लेकिन उन्हें जवाब नहीं मिला। उन्होंने अम्बानी के हाथ में अपना विजिटिंग कार्ड दिया और वहाँ से कुछ देर के लिए चले गए। अगले दो मिनट बाद वो वापस आए और अपना परिचय देते हुए अम्बानी से हाथ मिलाया। उनके बीच करीब 1 मिनट वार्ता हुई।
निवेशकों के स्वागत के राजधानी की सूरत बदली गई है। एयरपोर्ट से लेकर इंद्रा गाँधी प्रतिष्ठान और आस पास के क्षेत्रों की सूरत बदली गई। एयरपोर्ट पर चल रहे कामों पर मेट्रो ने अपनी प्रदर्शनी लगाई है तो सड़कों को दुरस्त कर डिवाइडर पर गमले और बिजली खम्भों पर झलार लगाए गए हैं। शहीद पथ पर वाल पेंटिंग कर शहर से नाता रखने वाले नामचीन लोगों की तस्वीर उतारी गई है।
इन सेक्टर में सबसे अधिक निवेश
प्रदेश सरकार ने सभी विभागों को निवेशकों को लुभाने का टारगेट दिया था। इसमें सबसे अधिक फोकस डिफेन्स क्षेत्र में था। अकेले इसमें करीब 1 लाख करोड़ निवेश होने की उम्मीद है। इसके अलावा टेक्सटाइल इंडस्ट्री को 5 हज़ार करोड़, वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट स्कीम के तहत क्षेत्र की विशेषता को बढ़ावा देना और एग्रीकलचर के साथ फ़ूड प्रोसेसिंग को बढ़ावा देना सरकार की प्रथिमिक्ताओं में शामिल हैं। पर्यटन की दृष्टि से 10 हज़ार करोड़ के निवेश के साथ सरकार यूपी को पहला पर्यटन राज्य बनाना चाहती है।