रेजीडेंसी स्थित शहीद स्तम्भ के पास मुस्लिम समाज के लोगों ने भंडारा कराया और हिन्दू-मुस्लिम एकता का पैगाम दिया।
लखनऊ. जेठ महीने के आखिरी बड़े मंगल पर राजधानी लखनऊ में जगह-जगह पर भंडारे का आयोजन हुआ, जिसमें लोगों ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। बड़ा मंगल के अवसर पर हिंदू-मुस्लिम एकता का सन्देश देने की भी कोशिश हुई। रेजीडेंसी स्थित शहीद स्तम्भ के पास मुस्लिम समाज के लोगों ने भंडारा कराया और हिन्दू-मुस्लिम एकता का पैगाम दिया ।
मुस्लिमों ने बांटा प्रसाद
समाजवादी पार्टी के नेता आदिल नसीम सिद्दीकी और उनके साथियों ने इस मौके पर प्रसाद बांटे । इसके साथ ही आशुतोष सिंह राजपूत सहित अन्य लोग भी मौजूद रहे । आदिल ने बताया कि भंडारे का उद्द्येश्य यह है कि हिंदू-मुस्लिम सौहार्द कायम रहे और सभी लोग मिलकर एक दूसरे के त्यौहार मनाएं । हिन्दू-मुस्लिम के बीच पैदा किये जा रहे दरार को दूर करने के लिए दोनों धर्मों के लोगों को इस तरह के आयोजन करने की जरूरत है, जिससे बाँटने वाले लोग अपने मकसद में सफल न हो सकें ।
महंत ने की सराहना
भंडारे के दौरान मनकामेश्वर मंदिर की महंत दिव्या गिरी भी पहुंची और उन्होंने भी आयोजनकर्ताओं के साथ प्रसाद बाँटें । उन्होंने इस आयोजन की तारीफ की । इस मौके पर मोहम्मद वसीम, आरिश गाजी, मोहम्मद रिजवान सैकड़ों की संख्या में मुस्लिम समुदाय के युवक मौजूद रहे । इससे कुछ दिनों पहले मनकामेश्वर मंदिर की ओर से रोजा इफ्तार कार्यक्रम का आयोजन लखनऊ में किया गया था जिसकी लोगों ने काफी सराहना की थी ।