
Uttar Pradesh Rajya Sabha Election:उत्तर प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से सवाल किया है। ओपी राजभर ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि सुना है अखिलेश यादव राज्यसभा के लिए तीन प्रत्याशी मैदान में उतारने जा रहे हैं। राजभर ने पूछा कि क्या तीनों उनके ‘पीडीए’ वाले होंगे? उन्होंने कहा कि पहला तो प्रोफेसर साहब हैं। ये आपके पीडीए वाले ‘परिवार’ से हो गए। अब ‘डी’ और ‘ए’ से कौन होगा? डी से कोई ‘दौलतमंद’ होगा क्या? ए से कोई ‘अपराधी’? राजभर ने कहा कि पिछड़े वर्ग, दलित और मुसलमान जानना चाहते हैं कि पीडीए में परिवार, दौलतमंद और अपराधियों को संसद के ऊपरी सदन भेजने की जुगत कैसे हो रही है।
मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा उत्तर प्रदेश में चाहे जितना भ्रम और नफरत फैलाने की कोशिश करे, उसके एजेंडे में यही दो बातें रहेंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता समाजवादी पार्टी को पहले ही नकार चुकी है और पार्टी को हर चुनाव में हार का सामना करना पड़ा है। दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि साल 2027 के विधानसभा चुनाव में भी समाजवादी पार्टी जनता को गुमराह और भ्रमित करने की कितनी भी कोशिश कर ले, प्रदेश की जनता उसके झांसे में नहीं आएगी। उन्होंने कहा कि जनता सपा के इन प्रयासों को समझती है और चुनाव में इसका जवाब देगी।
उत्तर प्रदेश के आगामी चुनावों में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के गठबंधन को लेकर सपा प्रवक्ता उदयवीर सिंह ने कहा कि दोनों दलों का गठबंधन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि गठबंधन को लेकर अंतिम फैसला कांग्रेस नेता राहुल गांधी, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को करना है। यही नेता तय करेंगे कि आगे गठबंधन किस तरह जारी रहेगा।
उदयवीर सिंह ने कहा कि इन नेताओं के अलावा समाजवादी पार्टी या कांग्रेस के किसी अन्य नेता की ओर से दिए गए बयान को गठबंधन के भविष्य से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने साफ किया कि कांग्रेस अपने नेताओं के बयानों की जिम्मेदारी खुद लेगी, जबकि समाजवादी पार्टी के नेताओं की ओर से दिए गए बयानों की जिम्मेदारी सपा की होगी।