Navodaya school entrance exam 2025:राजीव नवोदय स्कूलों में अब दाखिले का पैटर्न बदलने वाला है। शिक्षा विभाग ने नई प्रक्रिया का संशोधित प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा है। मंजूरी मिलते ही नए प्रवेश पैटर्न में तमाम बदलाव हो जाएंगे।
Navodaya school entrance exam 2025:नवोदय स्कूलों में दाखिले के पैटर्न में बदलाव होने वाला है। ये बदलाव उत्तराखंड के सभी राजीव नवोदय विद्यालयों में होने वाले हैं। अब प्रवेश परीक्षा के जरिए केवल कक्षा छह से ही एडमिशन नहीं मिलेंगे। बल्कि कक्षा नौ और कक्षा 11 की खाली सीटों पर नए छात्रों को एडमिशन देने के लिए प्रवेश परीक्षा कराने की योजना है। मेधावी छात्र-छात्राओं को शिक्षा का बेहतर वातावरण और संसाधन मुहैया कराने के लिए उत्तराखंड में 13 राजीव नवोदय विद्यालय संचालित हैं। सीबीएसई बोर्ड से संबंद्ध इन नवोदय स्कूलों में कक्षा छह में एक निर्धारित संख्या में एडमिशन किए जाते हैं। प्रवेश परीक्षा के जरिए ही छात्रों का चयन किया जाता है। छात्रों की आवासीय सुविधाओं के साथ सभी शैक्षणिक सुविधाएं और आवश्यकताओं की व्यवस्था सरकार नि:शुल्क करती है। कुछ समय से देखा जा रहा था कि कुछ छात्र-छात्राएं 12 कक्षा तक आने से पहले पहले भी स्कूल छोड़ देते हैं। ऐसे में स्कूलों में सीटें खाली रह जाती है। शिक्षा महानिदेशक झरना कमठान के मुताबिक राजीव नवोदय विद्यालयों में शैक्षिक और प्रशासनिक व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। अधिकारियों को विभिन्न स्तर पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
राजीव नवोदय स्कूलों में पहली प्रवेश परीक्षा कक्षा छह में एडमिशन के लिए होगी। दूसरी परीक्षा माध्यमिक स्तर पर रिक्त पदों के लिए कक्षा नौ के लिए कराई जाएगी। इसके बाद भी पद रिक्त रहने पर तीसरी परीक्षा इंटरमीडिएट के लिए कक्षा 11 के लिए होगी। रिक्त पदों के लिए आम छात्र भी आवेदन कर सकेंगे। शासन से तीन स्तरीय प्रवेश परीक्षा की अनुमति मिलने पर पात्रता की शर्तें को भी तय किया जाएगा।
राजीव नवोदय स्कूलों की समीक्षा के दौरान यह विषय सामने आने पर महानिदेशक-शिक्षा झरना कमठान ने माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को एडमिशन की व्यवस्था में सुधार के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए थे। उत्तराखंड में वर्तमान में राजीव नवोदय स्कूलों में 3500 से ज्यादा छात्र-छात्राएं पढ़ रहे हैं। कक्षा छह से आठवीं तक रिक्त रहने वाले पदों को भरने के लिए भी प्रस्ताव दिया गया है।