समाज वादी पार्टी में मंत्री रहे रघुराज प्रताप सिंह व समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के बीच दूरियां बढ़ गई हैं। इस बार विधानसभा चुनाव में अखिलेश यादव ने रघुराज प्रताप सिंह के खिलाफ अपना उम्मीदवार उतारा है। वहीं, चुनाव प्रचार के दौरान रघुराज प्रताप सिंह व अखिलेश यादव के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। मामला यहां तक बढ़ गया कि जहां एक और अखिलेश यादव ने रघुराज प्रताप सिंह को हराने की बात कही वहीं दूसरी ओर रघुराज प्रताप सिंह ने ऐलान किया कि वह समाजवादी पार्टी को जीतने नहीं देंगे।

लखनऊ. लोकसभा चुनाव को लेकर रघुराज प्रताप सिंह राजा भैया की पार्टी जनसत्ता दल लोकतांत्रिक अभी से तैयारियों में जुट गई है। संगठन को मजबूत करने के लिए पार्टी कार्यकर्ता नेता व कार्यकर्ता दौरा कर रहे हैं। आगामी लोकसभा चुनाव रघुराज प्रताप सिंह के लिए काफी महत्वपूर्ण होने वाले हैं। अगर पार्टी लोकसभा चुनाव में बेहतर प्रदर्शन करती है तो इससे राजा का कद बढ़ेगा। हालांकि, पिछले विधानसभा चुनाव में रघुराज प्रताप सिंह ने अपनी पार्टी को दो सीटों पर जिताने में कामयाब रहे हैं। वहीं, पिछले लोकसभा चुनाव में रघुराज प्रताप सिंह ने दो सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे लेकिन हार का सामना करना पड़ा था। एक बार फिर लोकसभा चुनाव में रघुराज प्रताप सिंह पार्टी के उम्मीदवारों को मैदान में उतारेंगे। हालांकि, लोकसभा चुनाव में खुद को साबित करना रघुराज प्रताप सिंह के लिए आसान नहीं होगा।
दो सीटों पर जीते विधानसभा चुनाव
प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 में रघुराज प्रताप सिंह कुंडा व बाबागंज सीट पर चुनाव जीते हैं। वहीं, जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के एमएलसी उम्मीदवार अक्षय प्रताप सिंह भी चुनाव में जीतकर सदन पहुंचे हैं। दोनों चुनाव में जीत के बाद पार्टी का मनोबल बढ़ा हुआ है। अब पार्टी की नजर आगामी लोकसभा चुनाव पर है। चुनाव में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए अभी से तैयारियां शुरू हो गई। जनता पार्टी के साथ रघुराज प्रताप सिंह की पार्टी ने कयासों को लेकर भले ही पार्टी की ओर से कोई औपचारिक घोषणा की गई हो लेकिन दबे लफ्जों में यह चर्चा जरूर है कि पार्टी आगामी लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के साथ गठबंधन कर मैदान में उतर सकती है।
अखिलेश से बढ़ी दूरियां
समाज वादी पार्टी में मंत्री रहे रघुराज प्रताप सिंह व समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के बीच दूरियां बढ़ गई हैं। इस बार विधानसभा चुनाव में अखिलेश यादव ने रघुराज प्रताप सिंह के खिलाफ अपना उम्मीदवार उतारा है। वहीं, चुनाव प्रचार के दौरान रघुराज प्रताप सिंह व अखिलेश यादव के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। मामला यहां तक बढ़ गया कि जहां एक और अखिलेश यादव ने रघुराज प्रताप सिंह को हराने की बात कही वहीं दूसरी ओर रघुराज प्रताप सिंह ने ऐलान किया कि वह समाजवादी पार्टी को जीतने नहीं देंगे।