E Suvidha in Uttar Pradesh उत्तर प्रदेश में अब ट्रैफिक पुलिस द्वारा लगातार ई चालान काटा जा रहा है। इससे बचाने के लिए और चालान की पेनल्टी जमा करने के लिए सरकार ने काफी सुविधाएं दी हैं।
उत्तर प्रदेश भर में अब ट्रैफिक पुलिस के द्वारा ई चालान लगातार काटा जा रहा है। जिसमें दो पहिया वहाँ, बाइक, स्कूटी, कार या ई रिक्शा अब सबका चलाना कटने लगा है। वहीं चलान को छुड्वाने या इसका पेनल्टी जमा करने के लिए ई-सुविधा केंद्रों पर चालान की फीस जमा करने की व्यवस्था की जाएगी। खास तौर पर प्रदेश के मेट्रो शहरों में और राजधानी लखनऊ में प्रतिदिन हाजारों चालान काटे जाते हैं और चालकों को फीस जमा करने के लिए परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस समस्या को दूर करने लिए नगर विकास विभाग, ई-सुविधा केंद्रों पर फीस का भुगतान करने की सुविधा भी उपलब्ध करवाने की कोशिश कर रहा है।
ई सुविधा केन्द्रों पर मिलेगी चालान जमा करने की सुविधा
शहर के प्रमुख स्थानों पर ई-सुविधा केंद्रों में पहले से, खतौनी समेत कई सुविधाएं उपलब्ध हैं। पिछले कई वर्षों से कार्यदायी संस्था मेधज टेक्नो कांसेप्ट प्राइवेट लिमिटेड मध्यांचल के अंतर्गत आने वाले 19 जिलों में यह काम कर कुशलतापूर्वक कर रही है। अब नगर विकास विभाग चालान की ज़िम्मेदारी भी ई सुविधा केंद्रों को देना चाहता है, जिससे लोग अपने घर के पास वाले केंद्र पर फीस जमा कर पाएं।
रिपोर्ट के अनुसार, कार्यदायी संस्था के अधिकारियों की नगर विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव रजनीश दुबे के साथ इस संबंध में बैठके हो चुकी है। बैठकों में यह सेवा ई सुविधा से एकीकृत करने की पहल भी शुरू हो गई है, जिसे कुछ हफ्तों में शुरू किया जा सकता है। इसके लिए कार्यदायी संस्था द्वारा अपने कर्मियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। इससे चालान की फीस जमा करने की पूरा प्रक्रिया आसान हो जाएगी और जमा करने वाले को रसीद और मोबाइल पर चालान जमा करने का मैसेज भी मिल पाएगा। वर्तमान में लोग चालान को आफ व आनलाइन दोनों तरफ से जमा करते हैं।