
प्रतीक यादव का निधन (सोर्स: पत्रिका)
Prateek Yadav Death: समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव के छोटे भाई प्रतीक के पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार गुरुवार को लखनऊ में किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक, लखनऊ के पिपरा घाट पर प्रतीक के पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार किया जा सकता है। अब प्रतीक यादव की मौत से जुड़ी अहम जानकारी सामने आई है। प्रतीक यादव की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और उनका इलाज करने वाली डॉक्टर के हवाले से चौकाने वाली जानकारी मिली है।
मेदांता हॉस्पिटल में मेडिसिन विभाग की एसोसिएट डायरेक्टर डॉ. रुचिता शर्मा ने कहा- हमें प्रतीक यादव के निधन पर गहरा दुख है। वह हमारे पुराने मरीज थे। मैं काफी समय से उनका इलाज कर रही थी, उन्हें हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) और हाइपरटेंशन (Hypertension) जैसी दिक्कतें थीं। कुछ ही दिन पहले उन्हें पल्मोनरी एम्बोलिज्म (Pulmonary Embolism) होने के बाद अस्पताल में भर्ती किया गया था।
डॉ. रुचिता शर्मा ने बताया कि यह एक ऐसी स्थिति है जिसमें खून का थक्का (Blood Clot) धमनियों में पहुंचकर वहीं फंस जाता है। प्रतीक यादव के फेफड़ों में रुकावट के कारण, उनके दिल के काम करने पर बुरा असर पड़ा था। कुछ दिन पहले वह सांस लेने में दिक्कत और अन्य समस्याओं की शिकायत लेकर यहां आए थे। उसी समय उन्हें पल्मोनरी एम्बोलिजम का पता चला था।
मेदांता हॉस्पिटल में मेडिसिन विभाग की एसोसिएट डायरेक्टर डॉ. रुचिता शर्मा ने बताया कि पल्मोनरी एम्बोलिज्म की स्थिति, अपने आप में ही, बहुत गंभीर होती है। इसमें काफी अधिक खतरा होता है। प्रतीक, पहले से ही खून पतला करने वाली दवाएं ले रहे थे। उन्हें अपनी मेडिकल दिक्कतों के बारे में पूरी जानकारी थी और वह अपनी ब्लड प्रेशर की दवाएं नियमित रूप से लेते थे।
प्रतीक यादव की पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में उनकी मौत की वजह कार्डियक अरेस्ट (Cardiac Arrest) सामने आई है। इसी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में प्रतीक यादव की गर्दन पर चोट के 6 निशान भी मिले हैं। गर्दन पर चोट के निशान मिलने और अन्य कई आशंकाओं के चलते सपा विधायक रविदास मेहरोत्रा ने उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।

समाजवादी पार्टी के नेता एवं विधायक रविदास मेहरोत्रा ने कहा- अखिलेश यादव के छोटे भाई प्रतीक यादव की आज आकस्मिक और असमायिक मृत्यु हो गई। इससे हम लोग बहुत आहत हैं। जब प्रतीक यादव को अस्पताल में लाया गया था, उससे पहले ही उनकी मृत्यु हो चुकी थी। अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें देख कर मृत घोषित कर दिया। उनकी मौत संदिग्ध अवस्था में हुई है।
प्रतीक के शरीर पर चोट के निशान थे और उनके शरीर में जहर की मात्रा थी। इसलिए उनका पोस्टमॉर्टम करवाया गया। किसी सामान्य मृत्यु पर पोस्टमॉर्टम नहीं होता है। संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु के कारण उनका पोस्टमॉर्टम करवाया गया। मेहरोत्रा ने कहा- हमने मांग की है कि उनके मौत के कारणों की जांच करवाई जाए, उनकी मौत सामान्य नहीं है। हम लोगों ने मांग की है कि हाई कोर्ट के किसी पूर्व न्यायाधीश से प्रतीक यादव की मौत की जांच करवाई जाए।
मुरादाबाद से सपा सांसद रुचि वीरा ने प्रतीक यादव के निधन पर कहा कि परिवार और हम सभी के लिए अपूरणीय क्षति है। इस युवा अवस्था में उनका चले जाना बहुत पीड़ा दायक है। मैं ईश्वर से प्रार्थना करती हूं कि उनकी आत्मा को शांति दें और जो यादव परिवार है, उनकी पत्नी अपर्णा यादव व उनकी बच्चियों पर दुख का पहाड़ टूटा है। भगवान उनके परिवार को इस दुख को सहने की क्षमता दे। यह बहुत ही दुखद घटना है।
Published on:
13 May 2026 10:25 pm
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
