
Ram Mandir Donation Controversy: राम मंदिर चंदा-चोरी मामले को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के आरोपों पर अब 'विश्व हिंदू परिषद (VHP)' ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। वीएचपी के अध्यक्ष आलोक कुमार ने अखिलेश यादव के सभी दावों को सिरे से खारिज करते हुए इसे राजनीति से प्रेरित बताया है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि इस पूरे मामले की पारदर्शी जांच होगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
वीएचपी अध्यक्ष आलोक कुमार ने जांच को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि इस मामले में कुछ भी छिपाया नहीं जाएगा और न ही किसी को बचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि एक गहन और पूरी तरह से पारदर्शी जांच होनी चाहिए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी यही चाहते हैं कि इस मामले का पूरा सच जनता के सामने आए और दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई हो।
अखिलेश यादव पर पलटवार करते हुए आलोक कुमार ने कहा कि अब वह पूरी तरह से निराधार आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अखिलेश यादव अब यह भी कहने लगे हैं कि अगर वे सत्ता में आए तो सियाराम धाम बनाएंगे। आलोक कुमार ने सवाल पूछा कि मैं यह जानना चाहता हूं कि जब वे पहले सत्ता में थे तब उन्होंने अयोध्या के लिए कुछ क्यों नहीं किया। उन्होंने कहा कि हर कोई इस नौटंकी को समझता है वह सिर्फ 2027 के विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार कर रहे हैं।
चुनावों में भाजपा के प्रदर्शन पर इन आरोपों के प्रभाव के बारे में VHP प्रमुख ने कहा कि मुझे इस बारे में नहीं पता क्योंकि विकल्प के रूप में जो पार्टियां हैं वे भगवान राम का विरोध करने वाली पार्टियां हैं। आलोक कुमार ने कहा कि मैं भगवान और सरकार दोनों से यही प्रार्थना करता हूं कि 4 से 5 महीने के भीतर सभी अपराधियों को पकड़ लिया जाए पूरी कानूनी कार्यवाही पूरी कर ली जाए और उन्हें जेल भेज दिया जाए। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा होता है तो मुझे विश्वास है कि यह वहां हुए घोटाले के लिए पूरी तरह से प्रायश्चित का काम करेगा।