
मथुरा। नगर निकाय चुनाव सिर पर है। सभी जगह वोटर और नेता की बात होने लगी है। पांच साल में नेता जी ने क्या काम किया उन सभी बातों का हिसाब किताब किया जा रहा है। वोटर भी पूरे फार्म में है। जहां नाली नहीं बनी है वहां की गंदगी दिखा रहे है और जहां बिजली नहीं आती वहां पर अंधेरे की बात हो रही है। लेकिन नेता जी का हाल सबसे जुदा है। छाता नगर पंचायत पर दस वर्ष से भाजपा का कब्जा है। वर्तमान नगर पंचायत अध्यक्ष फिर चुनाव मैदान में ताल ठोक रहे हैं। उन पर आरोप लग रहे हैं कि उन्होंने वोटर और क्षेत्र देखकर पांच साल काम किया है। आइए जानते है पूरी हकीकत।
न पानी की व्यवस्था सुधरी और न ही सफाई की
छाता नगर पंचायत पर 10 साल से भाजपा का कब्जा है। पहले 5 साल तक जगपाल चेयरमैन रहे। बाद में यह महिला सीट घोषित कर दी गई। उस पर जगपाल की पत्नी भगवती देवी चेयरमैन निर्वाचित हुईं। लेकिन पिछले 10 सालों में यहां न तो सफाई व्यवस्था ही सुधरी और न ही पीने के पानी की समस्या ही दूर हुई। लोगों का आरोप है कि बिना पैसा दिए यहां कुछ नहीं होता। पीने के पानी के लिए लोग दर दर की ठोकरें खाते हैं। साफ़-सफाई हो या फिर बिजली की व्यवस्था या सड़कों के निर्माण की हर काम पर पंचायत अध्यक्ष काम करने का दावा कर रहे हैं।
उम्मीद के विपरीत हुआ काम
स्थानीय निवासी छैलबिहारी और राम ने बताया की पिछले दस साल से जगपाल और उनकी पत्नी चेयरमैन रहें। इलाके में ऐसा कोई काम इनके द्वारा नहीं कराया गया जिससे आम जनता को ख़ुशी मिले। ऐसा काम दिखे आम जनता की जो उम्मीद थी। उसके विपरीत काम किया गया। सड़क, पानी, बिजली और नालियों को अभी तक नहीं बनवाया गया है। कहीं कहीं नालियों और सड़क का निर्माण किया गया। घटिया सामग्री का उपयोग किया गया। सड़कों पर पानी बहता है। उसे निकलने के लिए जगह नहीं है।