मेरठ में तीन मंजिला मकान गिरने से अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है। रविवार को जिलाधिकारी दीपक मीणा ने हादसे में मृतकों को 4- 4 लाख रुपए मुआवाजा देने की घोषणा की।
मेरठ जिले के लोहियानगर क्षेत्र के जाकिर कॉलोनी में तीन मंजिला मकान गिरने से अब तक 10 लोगों की मौत हो चुकी है।रविवार को मेरठ के जिलाधिकारी दीपक मीणा ने हादसे में जान गंवानों वाले के परिजनों को 4- 4 लाख रुपए मुआवाजा देने की घोषणा की। इसके साथ ही मकान निर्माण के लिए 1.20 लाख रुपए देने का ऐलान किया है।
उत्तर प्रदेश के मेरठ में शनिवार देर शाम तीन मंजिला इमारत भरभराकर गिर गई थी। इस हादसे में अब तक 10 लोगों की मौत हो गई है। मलबे से रेस्क्यू किए गए 5 लोगों का अभी भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। हादसे में मवेशियों की मौत की भी क्षतिपूर्ति करने की बात कही गई है। बताया जा रहा है कि अभी तक 20 से अधिक मवेशियों की भी मौत हो चुकी है।
मेरठ के जिला मजिस्ट्रेट दीपक मीणा ने बताया कि मृतकों में एक पुरुष, तीन महिलाएं और छह बच्चे शामिल हैं। उन्होंने कहा, "शनिवार को मेरठ की जाकिर कॉलोनी में अचानक तीन मंजिला इमारत ढह गया था। इसके बाद मौके पर पहुंच बचाव अभियान शुरू किया गया। शनिवार से अब तक 10 लोगों के शवों को बरामद कर लिया गया।
हादसे के वक्त मकान में 15 लोग मौजूद थे, जिनमें से तीन लोगों को पहले ही सुरक्षित बाहर निकाला गया था, लेकिन 12 लोग मलबे में फंस गए। मलबे में फंसे 12 लोगों में से एक पुरुष समेत 10 लोगों की मौत हो गई। शवों को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज में भेज दिया गया। वहीं अभी तक 20 से अधिक मवेशियों की भी मौत हो चुकी है।
रिपोर्ट के अनुसार, यह घटना शनिवार शाम करीब 5:15 बजे हुई, जिसकी सूचना मिलने के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया।
बता दें कि मकान के मालिक की पहचान अलाउद्दीन के रूप में हुई है। वह इमारत में डेयरी चलाता था। इस हादसे का उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को मौके पर पहुंचकर राहत कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने घायलों के इलाज के भी निर्देश दिए थे।
पिछले कुछ दिनों में राज्य में इमारत गिरने का यह सबसे बड़ा मामला है। इससे पहले 7 सितंबर को लखनऊ के ट्रांसपोर्ट नगर इलाके में तीन मंजिला इमारत गिर गई थी, जिसमें आठ लोगों की मौत हो गई थी और 28 अन्य घायल हो गए थे।