चुनाव लड़ रहे सभी उम्मीदवारों के लिए इस समय चुनौती वोटरों को घर से निकालने की है। इतनी भीषण गर्मी में पारा 42 डिग्री के पार जा रहा है।
मेरठ। कैराना उपचुनाव का मतदान सोमवार को होना है। करीब एक महीने चले प्रचार अभियान के बाद गेंद मतदाताओं के पाले में चली गई है। देखना यह है कि मतदाता किसके पाले में गोल दागता है। चुनाव लड़ रहे सभी उम्मीदवारों के लिए इस समय चुनौती वोटरों को घर से निकालने की है। इतनी भीषण गर्मी में पारा 42 डिग्री के पार जा रहा है। ऊपर से रमजान। ऐसे में वोटर ईवीएम का बटन दबाने घर से बाहर निकलेगा इसमें संशय है। उम्मीदवारों और उनकी पार्टियों के कार्यकर्ताओं ने अपने स्तर से मतदाताओं को घर से मतदान केंद्र तक लाने के इंतजाम किए हैं। जिससे मतदाता उनके पक्ष में वोट डाल सके। भाजपा ने भी अपनी उम्मीदवार मृगांका सिंह के पक्ष में वोट डालने और भाजपा का कैडर वोट अधिक से अधिक संख्या में मतदान स्थल पर पहुंच सके इसके लिए पूरी रणनीति तैयार की है।
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पन्ना प्रमुख और बूथ प्रभारी को मिली जिम्मेदारी
भाजपा ने घर से वोट निकालने के लिए बड़े नेताओं के साथ संगठन की ओर से पन्ना प्रमुख और बूथ प्रभारी को इसकी जिम्मेदारी सौंपी है। जिनकी डयूटी रविवार शाम से ही शुरू हो जाएगी। इनकी जिम्मेदारी तय कर दी गई है। पन्ना प्रमुख और बूथ प्रभारी को मिलकर काम करना होगा। दोनों की जिम्मेदारी वोटरों को बूथ तक लाकर वोट डलवाने की है। इसके साथ ही वार्ड प्रभारी की जिम्मेदारी भी तय की गई है। ये वार्ड प्रभारी अपने-अपने वार्ड में हर एक घंटे में पड़े वोटों की जानकारी कर उसका प्रतिशत लोकसभा चुनाव प्रभारी को देते रहेंगे। इसमें जहां भी वोट प्रतिशत में कमी आएगी, वहां पर तत्काल बूथ प्रभारी को अधिक तत्परता के साथ वोट निकलाने होंगे।
संघ ने की समीक्षा
मेरठ शंकर आश्रम में संघ के वरिष्ठ अधिकारियों ने कैराना और नूरपुर चुनाव की समीक्षा की। इस दौरान संघ के कार्यकर्ताओं की दोनों ही उपचुनाव में मतदान के दिन जिम्मेदारी तय की गई है। संघ के कुछ कर्मठ और जूझारू कार्यकर्ताओं के भी दोनों उपचुनाव में मतदान के दिन ड्यूटी पर भेजा गया है।