
मेरठ। अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद के अध्यक्ष डा. प्रवीण तोगडिय़ा (Dr. Praveen Togadia) ने जेएनयू (JNU) में छात्र-छात्राओं पर नकाब पहनकर किए गए हमले (Attack) की निंदा की है। उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए, जिन्होंने अस्पताल में घुसकर बेटियों के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट की है। हमलावर चाहे किसी भी संगठन (Organization) से संबंध रखता हो, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
सर्कुलर रोड पर एक कार्यक्रम में पहुंचे डा. प्रवीण तोगडिय़ा ने कहा कि युवा वर्ग में इन दिनों गुस्सा है, क्योंकि महंगी शिक्षा और पढ़ाई के बावजूद उन्हें रोजगार नहीं मिल पा रहा है। इसलिए कालेजों और विश्वविद्यालय में आए दिन बवाल देखने को मिल रहे है। उन्होंने कहा कि हमारा संगठन अंतर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद की जनसंख्या नियंत्रण कानून बनाने की मांग है। इसके लिए जनजागरण अभियान शुरू कर दिया गया है। जिसके दो बच्चे हैं, अगर एक साल बाद तीसरा बच्चा भी पैदा होता है तो उसको सरकारी शिक्षा, चिकित्सा, खाद्यान्न समेत अन्य सरकारी सुविधा का लाभ नहीं मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि हम नागरिकता संशोधन कानून का स्वागत और समर्थन करते हैं। इससे पाकिस्तान, बांग्लादेश में रह रहे हिंदुओं को भारत में नागरिकता, घर और सम्मान मिलेगा, लेकिन 30 साल से भारत के ही नागरिक शरणार्थी कश्मीरी हिंदुओं को सरकार कब घर देगी इसका पता नहीं है। सरकार की नीति साफ नहीं है।
डा. प्रवीण तोगडिय़ा ने कहा कि देश में 17 करोड़ लोग भोजन न मिलने के कारण भूखे सोते हैं। ऐसे लोगों के लिए अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद हर घर से एक मुट्ठी अनाज मांगेगी। एक लाख घरों में थैली पहुंचा दी गयी हैं, इस संख्या को बढ़ाया जाएगा। इस अवसर पर इंडिया हेल्थ लाइन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. शिशिर जैन, अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के प्रांत उपाध्यक्ष प्रेमपाल सिंह चौहान, विभागाध्यक्ष प्रेमप्रकाश गुप्ता, महानगर संरक्षक महेंद्र सिंह त्यागी समेत अनेक लोग उपस्थित थे।