योगी सरकार के खिलाफ फूट रहा महिलाओं का गुस्सा
मेरठ. महिला सुरक्षा और क्राइम कंट्रोल के नाम पर सत्ता में आई योगी सरकार में भी महिलाओं और बच्चियों की आबरू सुरक्षित नहीं है। एक तरफ मनचले दिनदहाड़े बच्चियों को छेढ़ते हैं, वहीं पुलिस भी कारवाई के नाम पर कुछ भी नहीं करती है। हालात ये है कि छेड़छाड़ से परेशान बच्चियों को आत्मदाह जैसे खतरनाक कदम उठाने पड़ रहे हैं। ऐसे ही मनचले से परेशान होकर एक नाबालिक किशोरी ने मेरठ एसएसपी ऑफिस पर आकर अपने ऊपर पेट्रोल छिड़क कर आग लगाने की कोशिश की। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने लड़की के हाथ से पेट्रोल की बोतल छीनकर उसकी जान बचाई। आरोप है कि लड़की अपनी शिकायत लेकर कई बार एसएसपी ऑफिस आ चुकी है, पर उसकी कोई सुनवाई नहीं हुआ थी। सुनवाई नहीं होने से आहत लड़की ने आत्मदाह का प्रयास किया, तब जाकर पुलिस वालों का आखें खुली।
दरअसल , मामला है मेरठ के मुंडाली थाना क्षेत्र का है। आरोप है कि यहां एक लड़की का मनचले ने जीना दुश्वार कर दिया है। इतना ही नहीं मनचले ने पीड़िता से दुष्कर्म का भी प्रयास किया औऱ किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। पीड़िता का आरोप है कि जब वह इसकी शिकायत करने थाने गई तो पुलिस ने उसको थाने से भगा दिया
पीड़िता मुंडाली थाना क्षेत्र के मुरली पुर की रहने वाली है। गांव का ही एक दबंग मनचला उसके साथ छेड़छाड़ करता रहता है। इसके साथ ही वह किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी देता है। पीड़िता मनचले की वजह से खोफ के साए में जीने को मजबूर है। पीड़िता की जब सुनवाई थाने में नहीं हुई तो वो पहले भी मेरठ एसएसपी ऑफिस पहुंची और उसने पुलिस अधिकारियों से मिलकर आपबीती सुनाई। इस मामले में एसपी देहात राजेश कुमार ने बताया कि दो पक्षों में लड़ाई हुई है। छेड़छाड़ जैसी कोई घटना नहीं हुई है। ये कहते हुए अपना पल्ला झाड़ दिया था। कई बार थाने के चक्कर काट-काट कर परेशान युवती के आलाधिकारियों के पास पहुंचने पर भी जब कार्रवाई नहीं हुई तो तंग आकर उसने पेट्रोल डालकर आत्म दाह का प्रयास करने को मजबूर हो गई। वहीं, एसएसपी मेरठ से हमारी बात हुई तो उन्होंने फिर वही जवाब दिया कि दो पक्षों के झगड़े का मामला है। युवती झुठा मुकदमा लिखवाना चाहती है, फिलहाल जांच के आदेश दे दिए हैं। जांच के बाद जो सामने आएगा तो कार्रवाई की जाएगी