पिता ने पढ़ार्इ पूरी करने के बाद दिलाने का किया था वादा
मेरठ। किशोर कई दिन से अपने परिजनों से नया मोबाइल दिलवाने की मांग कर रहा था। परिजन किशोर को पढ़ार्इ करने का हवाला देते हुए टाल रहे थे। किशोर ने परिजनों से बोला कि अगर उसे मोबाइल नहीं दिलवाया गया तो वह कुछ भी कर लेगा। परिजनों ने किशोर की बात पर कोई ध्यान नहीं दिया और उसकी धमकी को हल्के में लिया। जिस पर परिजनों को इसके गंभीर परिणाम भुगतने पड़े। किशोर ने ऐसा खौफनाक कदम उठाया कि परिजनों में हड़कंप मच गया।
कर्इ दिनों से फोन की जिद कर रहा था
सरधना में एक किशोर ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। परिजनों ने बिना पुलिस को सूचना दिए शव का अंतिम संस्कार कर दिया। बताया जाता है कि परिवार वालों द्वारा मोबाइल दिलाने से इंकार करने पर किशोर ने आत्मघाती कदम उठा लिया। जानकारी के अनुसार कस्बे के मोहल्ला नवाबगढ़ी का निवासी अलाउद्दीन कपड़ा बुनने के कारखाने में मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालता है। सूत्रों के अनुसार अलाउद्दीन का 16 वर्षीय पुत्र नदीम पिछले कई दिनों से अपने पिता से मोबाइल लेने की जिद कर रहा था। अलाउद्दीन द्वारा पैसे पास न होने की बात कहने पर नदीम उस पर अपनी नौकरी से पांच हजार रुपये एडवांस लेने का दबाव बना रहा था।
फांसी पर लटका देख मच गया कोहराम
अलाउद्दीन ने कहा कि पहले वह अपनी पढ़ार्इ पूरी करे, इसके बाद ही वह उसे मोबाइल दिलवाएगा। बेटे ने उसे एडवांस लेेने की सलाह दी, जिस पर पिता ने इनकार कर दिया। इस पर नदीम नाराज हो गया। देर रात नदीम ने अपने कमरे की छत के कुंडे से रस्सी बांध फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। सुबह कमरे में नदीम का शव रस्सी से झूलता देख परिवार में कोहराम मच गया। परिवार वालों ने पुलिस को जानकारी दिए बिना आनन-फानन में शव का अंतिम संस्कार कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने मामले की जांच की, लेकिन पुलिस से कोई कार्रवाई न करने की बात कहते हुए वापस कर दिया।