पाकिस्तान खुफिया एजेंसी की सेना के भीतर सेंधमारी की कोशिश, भर्ती के दौरान मेरठ कैंट के फोटो भेजे थे गौरव ने
मेरठ। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई ने भारत की खुफिया जानकारी जुटाने का एक नया तरीका अपनाया है। आईएसआई मोटी रकम का लालच देकर अब देश के युवकों को सेना में भर्ती करवाने का कुचक्र रच रही है। हरियाणा के रोहतक में पकड़ा गया आर्इएसआर्इ एजेंट गौरव से हुई पूछताछ में यह खुलासा हुआ है। गौरव ने भारतीय खुफिया एजेंसियों के सामने हुई पूछताछ में खुलासा किया कि उसे आईएसआई ने जुलाई 2017 में मेरठ में हुई सेना भर्ती में शामिल होने के लिए भेजा था। सेना की इंटेलीजेंस और एटीएस की पूछताछ में उसने खुलासा किया उसे पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई ने मेरठ में भर्ती के लिए भेजा था। गौरव को मेरठ में सेना भर्ती भेजने के लिए आईएसआई ने अपनी महिला एजेंट का सहारा लिया था।
मेरठ सैन्य क्षेत्र के फोटो भेजे
मेरठ में भर्ती के दौरान गौरव ने यहां के कुछ फोटाेग्राफ अपने मोबाइल से लेकर आईएसआई की महिला एजेंट के मोबाइल पर वाट्स एेप किए थे। इसके बाद करीब दो महीने गौरव मेरठ में रुका था। इस दौरान उसने मेरठ में रहने के लिए किराये के मकान की तलाश शुरू की। आईबी के एक अधिकारी ने 'पत्रिका' को गुप्त जानकारी के जरिए बताया कि गौरव ने मेरठ के बाजार और सैन्य क्षेत्र के काफी फोटोग्राफ महिला को वाट्स एेप किए थे। गौरव ने बताया कि उससे सैन्य क्षेत्र के वीडियो की मांग की गई, लेकिन मोबाइल में स्पेस कम होने के कारण वह वीडियो नहीं बना सका।
आईएसआई हो जाता कामयाब अगर...
पूछताछ में गौरव ने मेरठ एटीएस को बताया कि वह सेना में भर्ती होने के लिए आईएसआई के कहने पर आया था। वह आईएसआई से महिला एजेंट के जरिए संपर्क में था। वही महिला उसे इस बात की जानकारी देती थी कि उसे करना क्या है। सेना के सूत्रों का कहना है कि अगर गौरव सेना में भर्ती हो जाता तो आईएसआई अपने मंसूबों में कामयाब हो सकती थी।